कोलकाता : मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी और एनसीपीआई सांसदों के बीच मंगलवार को दिल्ली स्थित बंग भवन में प्रस्तावित महत्वपूर्ण बैठक अंतिम समय में स्थगित कर दी गई। सूत्रों के अनुसार, राज्य में प्रशासनिक कार्यों और कानून-व्यवस्था से जुड़ी व्यस्तताओं के कारण मुख्यमंत्री का दिल्ली दौरा रद्द करना पड़ा, जिसके चलते बैठक भी नहीं हो सकी। अब सांसदों को बैठक की नई तारीख का इंतजार है।
यह बैठक ऐसे समय प्रस्तावित थी, जब तृणमूल कांग्रेस छोड़कर एनसीपीआई में शामिल हुए सांसद अपनी संसदीय रणनीति को अंतिम रूप देने में जुटे हैं। हाल ही में इन सांसदों ने लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला से मुलाकात कर स्वयं को एनसीपीआई सांसद के रूप में मान्यता देने तथा लोकसभा में एनडीए के सहयोगी दलों के साथ बैठने की मांग की थी।
हालांकि, उन्हें अब तक औपचारिक मान्यता नहीं मिली है, जबकि सदन में उनकी सीटों का पुनर्विन्यास किया जा चुका है। दूसरी ओर, तृणमूल कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी ने दल-बदल विरोधी कानून के तहत इन सांसदों की सदस्यता रद्द करने की मांग करते हुए लोकसभा अध्यक्ष को पत्र सौंपा है।
एनसीपीआई सांसद काकोली घोष दस्तीदार ने बताया कि सभी सांसद बैठक को लेकर उत्साहित थे और आवश्यक तैयारियां पूरी कर चुके थे। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ने अपरिहार्य परिस्थितियों के कारण स्वयं बैठक स्थगित करने का निर्णय लिया। काकोली के अनुसार, राज्य में मुख्यमंत्री के कंधों पर कई महत्वपूर्ण प्रशासनिक जिम्मेदारियां हैं, जिन्हें देखते हुए उन्हें यह फैसला लेना पड़ा।
उन्होंने विश्वास जताया कि बैठक की नई तारीख जल्द घोषित की जाएगी। उनके अनुसार, मुख्यमंत्री और सांसदों के बीच होने वाली यह बैठक संगठन की आगे की रणनीति, संसदीय भूमिका और राष्ट्रीय राजनीति से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा के लिए बेहद अहम मानी जा रही है।