कोलकाता : कोलकाता में सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को और अधिक आसान एवं प्रभावी बनाने की दिशा में पश्चिम बंगाल परिवहन निगम (WBTC) ने महत्वपूर्ण कदम उठाया है। शहर के उत्तर और दक्षिण हिस्सों के बीच बेहतर संपर्क स्थापित करने के उद्देश्य से निगम ने नया नॉन-एसी बस रूट S-71 शुरू किया है।
इसके साथ ही लंबे समय से बंद पड़े दो लोकप्रिय और ऐतिहासिक बस रूट S-2B तथा S-33A को भी दोबारा चालू कर दिया गया है। इस पहल से हजारों दैनिक यात्रियों को राहत मिलने की उम्मीद है।
उत्तर-दक्षिण कनेक्टिविटी होगी और मजबूत
WBTC के अधिकारियों के अनुसार, नया S-71 रूट शहर के उत्तर और दक्षिण को जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। इस रूट के शुरू होने से कार्यालय जाने वाले कर्मचारियों, छात्रों और आम यात्रियों को अधिक सुविधाजनक एवं किफायती यात्रा का विकल्प मिलेगा। खासतौर पर उन इलाकों के लोगों को लाभ होगा, जहां अब तक सीधी बस सेवा उपलब्ध नहीं थी या सीमित थी।
दो ऐतिहासिक रूटों की वापसी से यात्रियों में खुशी
यात्रियों की लगातार मांग और बढ़ती आवश्यकता को देखते हुए WBTC ने S-2B और S-33A बस सेवाओं को भी फिर से शुरू कर दिया है। ये दोनों रूट वर्षों तक कोलकाता के प्रमुख सार्वजनिक परिवहन नेटवर्क का हिस्सा रहे हैं और बड़ी संख्या में लोग इनका उपयोग करते थे।
बता दें कि S-2B रूट की बस बाग बाजार से बालीगंज तक चलती थी जिसे कोरोना के समय बंद कर दिया गया था। वहीं S-33A रूट की बस पाइकपाड़ा से पार्क सर्कस के बीच चलती थी। इन बसों के फिर से शुरू होने से पुराने यात्रियों को राहत मिलेगी और वैकल्पिक यात्रा साधनों पर निर्भरता भी कम होगी।
सार्वजनिक परिवहन को बढ़ावा देने की पहल
WBTC का कहना है कि शहर में बढ़ते यातायात दबाव को कम करने और अधिक लोगों को सार्वजनिक परिवहन की ओर आकर्षित करने के लिए लगातार नए कदम उठाए जा रहे हैं। नई बस सेवा और पुराने रूटों की बहाली इसी रणनीति का हिस्सा है।
निगम का लक्ष्य है कि शहर के विभिन्न इलाकों के बीच बेहतर कनेक्टिविटी सुनिश्चित करते हुए यात्रियों को सुरक्षित, सुविधाजनक और समयबद्ध परिवहन उपलब्ध कराया जाए।