रामबालक, सन्मार्ग संवाददाता
कोलकाता : राष्ट्रीय जूट बोर्ड ने कोलकाता में अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर एक कार्यक्रम का आयोजन किया, जिसमें जूट अनुसंधान एवं विकास केंद्रों से जुड़ी महिला हितधारकों, कारीगरों, उद्यमियों और डिजाइनरों को सम्मानित किया गया। ये महिलाएं देशभर में जूट के विविध उपयोग और उसके प्रसार में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। कार्यक्रम का उद्घाटन एनजेबी के सचिव एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी शशिभूषण सिंह ने किया। इस अवसर पर उन्होंने विशेष रूप से ओडिशा, झारखंड और पश्चिम बंगाल जैसे ग्रामीण क्षेत्रों से जुड़ी महिलाओं के योगदान की सराहना की।
कार्यक्रम में पुरस्कृत महिला उद्यमियों ने अपने अनुभव साझा करते हुए बताया कि किस प्रकार वे जूट उत्पादों को भारत के साथ-साथ अंतरराष्ट्रीय बाज़ार में भी लोकप्रिय बना रही हैं। कार्यक्रम का एक प्रमुख आकर्षण जूट मिल मजदूरों की बेटियों का सम्मान रहा। इस दौरान शशिभूषण सिंह ने उन्हें छात्रवृत्ति अनुदान के चेक प्रदान किए। इस अवसर पर जूट उत्पादों को पर्यटन स्थलों पर बढ़ावा देने की योजनाओं पर भी चर्चा की गई। इसकी शुरुआत दार्जिलिंग, कलिम्पोंग और झारखंड के आदिवासी क्षेत्रों से की जाएगी, जहां एनजेबी ने सहयोगी संस्थाओं के माध्यम से जूट उत्पादन केंद्र स्थापित किए हैं। असिस्टेंट डायरेक्टर मौसुमी पांडेय ने बताया कि इस आर्थिक वर्ष में करीब 3,420 जूट मिल श्रमिकों की बेटियों को छात्रवृत्ति प्रदान की गई है। इस मौके पर एसओडी (मार्केटिंग) के. एस. घुघटियाल, डायरेक्टर फाइनेंस एस. दत्ता और अन्य अधिकारी भी मौजूद थे।