मुख्य बातें
बढ़ती उम्र के साथ बढ़ा है यातायात दबाव
दक्षिण कोलकाता की यातायात जीवनरेखा को सुरक्षित रखने की पहल
लक्ष्य है कि मरम्मत के दौरान यातायात न्यूनतम प्रभावित हो
सबिता, सन्मार्ग संवाददाता
कोलकाता : महानगर के अहम फ्लाईओवर में गरियाहाट फ्लाईओवर भी शामिल है। महानगर की जीवनरेखा माने जाने वाले फ्लाईओवरों में इसका विशेष स्थान है। यहां से रोजाना भारी संख्या में गाड़ियों का आवागमन होता है। गरियाहाट की बढ़ती उम्र के साथ इसके स्वास्थ्य में थाेड़ी समस्या देखी गयी है। इस फ्लाईओवर का रखरखाव करने वाला एचआरबीसी इस फ्लाईओवर की मरम्मत करना चाहता है। एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि गरियाहाट फ्लाईओवर के स्वास्थ्य जांच में मरम्मत करने का प्रस्ताव है। इस संबंध में नवान्न से हरी झंडी मिलते ही काम किया जायेगा। पहले ही इस संबंध में नवान्न को बताया गया है। दक्षिण कोलकाता के व्यस्ततम इलाकों को जोड़ने वाला यह फ्लाईओवर वर्षों से शहर की यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने में अहम भूमिका निभा रहा है। गरियाहाट क्षेत्र लंबे समय से कोलकाता के प्रमुख वाणिज्यिक केंद्रों में रहा है। बाजारों, शैक्षणिक संस्थानों और आवासीय इलाकों की बढ़ती संख्या के साथ यहां यातायात का दबाव लगातार बढ़ता गया। इसी समस्या के समाधान में अहम भूमिका गरियाहाट फ्लाईओवर निभा रहा है। निर्माण के बाद से इस फ्लाईओवर ने दक्षिण कोलकाता की ट्रैफिक व्यवस्था में उल्लेखनीय सुधार किया।
वर्तमान स्थिति और जीर्णोद्धार की पहल
समय के साथ बढ़ती उम्र और भारी वाहनों के दबाव के कारण फ्लाईओवर की संरचना में कुछ तकनीकी चुनौतियां सामने आई हैं। फ्लाईओवर का रखरखाव करने वाली संस्था एचआरबीसी ने इसका विस्तृत स्वास्थ्य परीक्षण कराया। जांच में कुछ हिस्सों में मरम्मत और सुदृढ़ीकरण की आवश्यकता पाई गई है। अधिकारियों के अनुसार लक्ष्य है कि मरम्मत के दौरान यातायात व्यवस्था को न्यूनतम रूप से प्रभावित किया जाए। विशेषज्ञों का मानना है कि समय रहते की गई मरम्मत भविष्य में बड़े जोखिमों को टाल सकती है।