कोलकाता : गुरुवार को लाउडन स्ट्रीट स्थित आई-पैक प्रमुख प्रतीक जैन के आवास पर ईडी की छापेमारी को लेकर सीएम ममता बनर्जी ने शेक्सपीयर सरणी थाने में औपचारिक शिकायत दर्ज कराई है। यह शिकायत उन्होंने तृणमूल कांग्रेस की चेयरपर्सन के रूप में दर्ज कराई है। पुलिस सूत्रों के अनुसार, मुख्यमंत्री ने भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 3(5) (एक से अधिक व्यक्तियों द्वारा सामूहिक रूप से आपराधिक कृत्य करना), 303(2) (चोरी), 332(c) (अपराध के इरादे से घर में अनधिकृत प्रवेश) तथा आईटी एक्ट की धारा 66 (इलेक्ट्रॉनिक माध्यम से महत्वपूर्ण दस्तावेजों की चोरी) के तहत अज्ञात लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई है। सूत्रों के मुताबिक, शिकायत में आरोप लगाया गया है कि गलत मंशा से पार्टी से जुड़े महत्वपूर्ण दस्तावेजों की चोरी की गई, साथ ही अवैध तरीके से प्रवेश कर धमकी दी गई। इसे इन धाराओं के तहत गंभीर अपराध माना जाता है और कड़ी सजा का प्रावधान है। इसी मामले को लेकर मुख्यमंत्री ने विधाननगर कमिश्नरेट के साइबर थाने में भी ई-मेल के जरिए शिकायत भेजी है।
पुलिस ने भी दर्ज कराई बदसलूकी और काम में बाधा देने की शिकायत
इधर, गुरुवार की घटना को लेकर शेक्सपीयर सरणी थाने में पुलिस की ओर से भी केंद्रीय जांच एजेंसी के अज्ञात अधिकारियों के खिलाफ लिखित शिकायत दर्ज कराई गई है। शिकायत में पुलिस के साथ बदसलूकी करने और सरकारी कार्य में बाधा डालने का आरोप लगाया गया है। पुलिस सूत्रों के अनुसार, गुरुवार की सुबह करीब छह बजे सूचना मिली कि कुछ लोग लाउडन स्ट्रीट स्थित एक बहुमंजिली इमारत में आई-पैक प्रमुख प्रतीक जैन के घर पहुंचे हैं और खुद को ईडी अधिकारी बता रहे हैं। सूचना मिलने के बाद स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन आरोप है कि सुबह करीब नौ बजे पहुंचे शेक्सपीयर सरणी थाने के एक सार्जेंट को सुरक्षा बलों ने इमारत के नीचे ही रोक दिया। इसके बाद मामले की जानकारी विभागीय डिप्टी कमिश्नर प्रियब्रत राय को दी गई। आरोप है कि जब डीसी मौके पर पहुंचे तो उनके साथ बदसलूकी की गई और कथित तौर पर धक्का भी दिया गया। सुरक्षा में तैनात केंद्रीय बलों द्वारा पुलिस को लाठियां दिखाने का भी आरोप है। बताया गया कि छापेमारी करने पहुंचे लोग पहचान पत्र दिखाने से इनकार कर रहे थे और करीब साढ़े ग्यारह बजे तक वर्दीधारी पुलिसकर्मियों के काम में बाधा डाली गई।
पुलिस के पहुंचने के बाद ईडी ने भेजी ई-मेल से सूचना
पुलिस का आरोप है कि स्थानीय थाने की पुलिस के पहुंचने के बाद ही ईडी की ओर से संबंधित स्थान पर छापेमारी से जुड़ा ई-मेल थाने को भेजा गया। इस बीच कोलकाता पुलिस कमिश्नर मनोज वर्मा भी घटनास्थल पर पहुंचे। इसके बाद पुलिस की ओर से काम में बाधा और बदसलूकी को लेकर मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने पूरे प्रकरण की जांच शुरू कर दी है।