कोलकाता : तृणमूल कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव और सांसद अभिषेक बनर्जी को शनिवार को पश्चिम बंगाल सीआईडी ने नोटिस देकर तलब किया। पहले सीआईडी की एक टीम उनके हरीश मुखर्जी रोड स्थित आवास ‘शांतिनिकेतन’ पहुंची, लेकिन वहां अभिषेक मौजूद नहीं थे। बाद में सीआईडी टीम कालीघाट स्थित उनके आवास पर पहुंची और उन्हें नोटिस सौंपी।
सूत्रों के अनुसार, अभिषेक बनर्जी को सोमवार को भवानी भवन स्थित सीआईडी मुख्यालय में पेश होने के लिए कहा गया है। नोटिस मिलने के बाद अभिषेक ने कहा कि वह पहले अपने वकीलों से सलाह लेंगे, लेकिन जांच एजेंसियों के साथ सहयोग करने को तैयार हैं। उन्होंने कहा, “मेरे पास छिपाने के लिए कुछ नहीं है। पहले भी ईडी और सीबीआई के समक्ष पेश हुआ हूं और आगे भी कानून के तहत सहयोग करूंगा।”
हालांकि, उन्होंने सीआईडी की कार्रवाई को राजनीति से प्रेरित बताया। उनका आरोप था कि सत्ता का दुरुपयोग कर विपक्षी नेताओं को निशाना बनाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि इस तरह की कार्रवाइयों से उन्हें झुकाया नहीं जा सकता। अभिषेक ने यह भी स्पष्ट किया कि वह ‘शांतिनिकेतन’ में नहीं रहते और उनसे संपर्क करना हो तो कालीघाट स्थित आवास पर आना चाहिए।
कोलकाता नगर निगम की ओर से मिली नोटिस पर भी उन्होंने प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि वह इस मामले में अदालत का दरवाजा खटखटाएंगे। अभिषेक ने राजनीतिक विरोधियों पर भी निशाना साधा और कहा कि वह किसी भी दबाव के आगे झुकने वाले नहीं हैं।
अभिषेक ने कहा, “मैं ईडी-सीबीआई के सामने नहीं झुका, सीआईडी के सामने भी नहीं झुकूंगा। मुझे झुकाने के लिए उन्हें कई जन्म लेना होगा। अगर ताकत है तो झूठे मुकदमे में गिरफ्तार कर लें, मैं कानूनी लड़ाई लड़ूंगा और लोकतांत्रिक तरीके से अपना पक्ष रखूंगा।" उल्लेखनीय है कि हाल ही में कथित भड़काऊ टिप्पणी को लेकर उनके खिलाफ भवानीपुर थाने में एक एफआईआर भी दर्ज की गई है।