कोलकाता: राज्य के कुछ प्राइवेट हॉस्पिटल पहले ही आयुष्मान भारत स्कीम में शामिल हो चुके हैं, लेकिन मरीजों का पंजीकरण अभी शुरू नहीं हुआ है। स्वास्थ्य विभाग के सूत्रों ने बताया कि जिस सॉफ्टवेयर के जरिए मरीजों का पंजीकरण शुरू होगा, उसे अंतिम रूप दिया जा रहा है।
इस मामले पर राज्य के स्वास्थ्य मंत्री शारद्वत मुखर्जी ने कहा, "आयुष्मान भारत के तहत नए मरीजों का पंजीकरण सॉफ्टवेयर तैयार होने के बाद शुरू होगा। मरीजों को स्वास्थ्य साथी से आयुष्मान भारत में बदलने की प्रक्रिया पहले से ही जारी है, लेकिन इसमें कुछ समय लगेगा क्योंकि लाभार्थियों की पात्रता की बारीकी से जांच-पड़ताल की जा रही है।"
ममता बनर्जी सरकार की 'स्वास्थ्य साथी' योजना यूनिवर्सल हेल्थ स्कीम थी जो बंगाल के सभी निवासियों के लिए थी चाहें उनकी आय कुछ भी हो,लेकिन केंद्र सरकार की आयुष्मान भारत योजना के लिए पात्रता के कड़े नियम हैं। कुछ प्राइवेट अस्पतालों ने इस योजना का हिस्सा बनने के लिए रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया पूरी कर ली है, जबकि बाकी अस्पताल इस पर काम कर रहे हैं।