कोलकाता : बेंगलुरु में ‘बांग्लादेशी’ होने के संदेह में मुर्शिदाबाद के बांग्ला भाषी अल्पसंख्यक प्रवासी मजदूरों को कथित रूप से परेशान किये जाने का आरोप लगाते हुए पूर्व कांग्रेस सांसद अधीर रंजन चौधरी ने कर्नाटक के मुख्यमंत्री डी.के. शिवकुमार को पत्र लिखा है।
गुरुवार को लिखे पत्र में अधीर ने दावा किया कि बेंगलुरु के सिद्दापुरा, व्हाइटफील्ड के वर्थुर, बांडेपाल्या, रायसंद्रा, शांतिपुरा, महादेवपुरा और मराठाहल्ली समेत कई इलाकों में बांग्ला भाषी प्रवासी मजदूरों को पुलिस ने बांग्लादेशी होने के संदेह में हिरासत में लिया या पूछताछ की।
उन्होंने कहा कि इनमें कई लोग वैध भारतीय नागरिक हैं और उनके पास पहचान संबंधी दस्तावेज भी हैं। अधीर ने आरोप लगाया कि भाषा और शारीरिक बनावट में समानता के कारण इन मजदूरों को गलत तरीके से बांग्लादेशी समझा जा रहा है।
उन्होंने कहा कि अवैध घुसपैठियों की पहचान करना प्रशासन की जिम्मेदारी है, लेकिन इस प्रक्रिया में वैध भारतीय नागरिकों को भाषा या धार्मिक पहचान के आधार पर परेशान नहीं किया जाना चाहिए।
उन्होंने मुख्यमंत्री से पुलिस को स्पष्ट निर्देश देने और किसी भी सत्यापन प्रक्रिया में कानूनी प्रक्रिया का सख्ती से पालन सुनिश्चित करने की मांग की। साथ ही, अधीर ने संबंधित थानों में हिरासत में रखे गये लोगों का विवरण भी पत्र में दिया है।