चतरा : झारखंड के चतरा जिले में बुधवार को प्रतिबंधित माओवादी संगठन तृतीय सम्मेलन प्रस्तुति कमेटी (TSPC) के 5 सदस्यों को गिरफ्तार किया गया और उनके पास से गोला-बारूद एवं हथियार बरामद किए गए। पुलिस ने यह जानकारी दी।
पुलिस ने बताया कि पीपुल्स लिबरेशन फ्रंट ऑफ इंडिया (PLFI) के एक ‘‘एरिया कमांडर’’ ने खूंटी में आत्मसमर्पण कर दिया। उसपर एक लाख रुपये का इनाम था। TSPC और PLFI CPI (माओवादी) से अलग होकर बने गुट हैं।
पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि चतरा के पुलिस अधीक्षक (SP) सुमित अग्रवाल को सूचना मिली थी कि TSPC के कुछ सदस्य पिपरवार थाना क्षेत्र के अंतर्गत बेंटी मैदान के पास किसी विध्वंसक गतिविधि को अंजाम देने के लिए इकट्ठा हुए हैं, जिसके बाद संदिग्धों को गिरफ्तार कर लिया गया।
तंडवा के अनुमंडल पुलिस अधिकारी (SDPO) प्रभात रंजन बरवार ने बताया, संदिग्धों के पास से छह मोबाइल फोन, एक देसी पिस्तौल, दो कारतूस, 10 पर्चे और चोरी की एक मोटरसाइकिल बरामद की गई है।
SDPO ने बताया कि पूछताछ के दौरान पता चला कि आरोपी 11 मार्च को हुई गोलीबारी की घटना में भी शामिल थे। पुलिस ने बताया कि अन्य आरोपियों के बारे में भी विस्तृत जानकारी प्राप्त हुई है, जिनके खिलाफ छापेमारी की जा रही है।
इसी तरह की एक अन्य घटना में PLFI के ‘एरिया कमांडर’ हबील मुंडा ने खूंटी की उपायुक्त रॉनिटा आर और खूंटी के पुलिस अधीक्षक मनीष टोप्पो के समक्ष आत्मसमर्पण कर दिया। मुरु पुलिस थाना क्षेत्र के बामहानी गांव के निवासी हबील मुंडा के खिलाफ खूंटी जिले के विभिन्न पुलिस थानों में विद्रोही गतिविधियों से संबंधित 20 से अधिक मामले दर्ज हैं।
SP मनीष टोप्पो ने पत्रकारों को बताया कि आत्मसमर्पण के समय हबील ने पुलिस को एक नौ मिमी पिस्तौल, एक 7.65 मिमी पिस्तौल, एक देसी हैंडगन और 13 कारतूस के अलावा दो वॉकी-टॉकी सेट सौंपे।