कोलंबो : श्रीलंका के दो कुख्यात अंडरवर्ल्ड गिरोहों के बीच जारी खूनी गैंगवार से पैदा हुए सुरक्षा खतरे के चलते देश के प्राचीन और प्रतिष्ठित हिंदू धार्मिक उत्सव की एक प्रमुख रस्म 'कावड़ी' को रद्द कर दिया गया है। समुद्र तटीय शहर देविनुवारा स्थित उथपालावन्ना श्री विष्णु मंदिर में 23 जुलाई से शुरू हुआ सप्ताहभर चलने वाला एसाला पेराहेरा (धार्मिक शोभायात्रा) इस वर्ष मंगलवार को होने वाले पारंपरिक कावड़ी नृत्य के बिना आयोजित किया जाएगा। खुफिया एजेंसियों से मिले सुरक्षा अलर्ट के बाद यह फैसला लिया गया।
पुलिस ने सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए मातारा जिला सचिव को कावड़ी अनुष्ठान रद्द करने का निर्देश दिया है। 13वीं शताब्दी से आयोजित हो रहा देविनुवारा एसाला पेराहेरा श्रीलंका के सबसे प्राचीन और महत्वपूर्ण धार्मिक एवं सांस्कृतिक आयोजनों में से एक है। यह उत्सव भगवान विष्णु को समर्पित है, जिन्हें श्रीलंका का एक प्रमुख संरक्षक देवता माना जाता है।
पुलिस के अनुसार, सुरक्षा खतरा फरार ड्रग माफिया शेहान सत्सारा और कांजीपानी इमरान के गिरोहों के बीच चल रही दुश्मनी के कारण उत्पन्न हुआ है। माना जाता है कि दोनों अपराधी विदेश से अपने गिरोहों का संचालन कर रहे हैं और उन्होंने फोन के जरिए एक-दूसरे को धमकियां दी हैं। सूत्रों के अनुसार, पुलिस की खुफिया शाखा को यह भी जानकारी मिली थी कि धार्मिक शोभायात्रा के दौरान हथियारबंद हमला या ड्रोन से हमला किया जा सकता है। इसके बाद पुलिस महानिरीक्षक ने सुरक्षा व्यवस्था कड़ी करने और एहतियातन कावड़ी अनुष्ठान रद्द करने के आदेश दिए।