तेहरान : ईरान ने सोमवार को स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के बाहर समुद्री क्षेत्र में ‘निषिद्ध क्षेत्र’ (एक्सक्लूजन जोन) बनाने की योजना का ऐलान किया। ईरान की सुप्रीम नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल के प्रमुख मोहसेन रेजाई ने कहा कि ईरान जल्द ही फारस की खाड़ी में एक नया प्रतिबंधित क्षेत्र घोषित करेगा। इस क्षेत्र में प्रवेश करने वाले जहाजों को ईरानी प्रतिबंध सूची में डाल दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि अमेरिका की धमकियां और हमले बंद होने पर ही ईरान होर्मुज जलडमरूमध्य को पूरी तरह खुला रखने की गारंटी देगा। इस क्षेत्र से बिना ईरानी अनुमति गुजरने वाले जहाजों को रोका जाएगा। इससे दुनिया के प्रमुख तेल मार्गों में शामिल होर्मुज जलडमरूमध्य में तनाव और बढ़ने की आशंका है। इस बीच, राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा फरवरी में शुरू किए गए ‘ऑपरेशन एपिक फ्यूरी’ के घोषित उद्देश्यों को अभी तक पूरी तरह हासिल नहीं किया जा सका है। अमेरिका का लक्ष्य ईरान के परमाणु कार्यक्रम को खत्म करना और उसकी क्षेत्रीय सैन्य क्षमता को रोकना था। ईरान की धमकी का असर अंतरराष्ट्रीय तेल बाजार पर भी दिखाई दिया। सोमवार को ब्रेंट क्रूड की कीमत करीब सात सप्ताह के उच्चतम स्तर पर पहुंचते हुए कुछ समय के लिए 97 डॉलर प्रति बैरल के करीब पहुंच गई। ईरान ने रविवार को अमेरिका पर पलटवार की धमकी देते हुए कहा था कि जवाब ‘और ज्यादा तीव्र और दर्दनाक’ होगा।