सन्मार्ग संवाददाता
श्री विजयपुरम : अंडमान एवं निकोबार द्वीप समूह के सांसद बिष्णु पद रे ने आज नई दिल्ली में केंद्रीय सरकार स्वास्थ्य योजना मुख्यालय के निदेशक डॉ. सतीश से मुलाकात कर श्री विजयापुरम में केंद्रीय सरकार स्वास्थ्य योजना वेलनेस सेंटर की स्थापना एवं संचालन से संबंधित लंबे समय से लंबित प्रस्ताव को आगे बढ़ाने के लिए चर्चा की। यह प्रस्ताव विशेष रूप से अंडमान एवं निकोबार प्रशासन के सेवानिवृत्त सरकारी कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के हित में रखा गया है। बैठक के दौरान केंद्रीय सरकार स्वास्थ्य योजना निदेशक ने सांसद को बताया कि उनके द्वारा उठाए गए मुद्दे पर केंद्रीय सरकार स्वास्थ्य योजना मुख्यालय आवश्यक अनुशंसाओं के साथ पहले ही कार्रवाई कर चुका है तथा श्री विजयापुरम में केंद्रीय सरकार स्वास्थ्य योजना वेलनेस सेंटर स्थापित करने संबंधी प्रस्ताव अग्रेषित किया जा चुका है। इसके बाद सांसद ने स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के कर्मचारी स्वास्थ्य योजना प्रभाग से भी इस प्रस्ताव की वर्तमान स्थिति के बारे में जानकारी प्राप्त की। उन्हें बताया गया कि स्वास्थ्य मंत्रालय इस प्रस्ताव पर सक्रिय रूप से विचार कर रहा है और अंडमान एवं निकोबार प्रशासन के स्वास्थ्य विभाग में उपलब्ध संसाधनों के आधार पर उचित नीतिगत निर्णय लेने की प्रक्रिया जारी है। सांसद बिष्णु पद रे लगातार स्वास्थ्य मंत्रालय और केंद्र शासित प्रदेश प्रशासन के समक्ष इस विषय को उठाते रहे हैं। उन्होंने द्वीपों के पेंशनभोगियों और सेवानिवृत्त कर्मचारियों को गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं प्राप्त करने में आने वाली वास्तविक कठिनाइयों का उल्लेख करते हुए कहा कि प्रस्तावित केंद्रीय सरकार स्वास्थ्य योजना वेलनेस सेंटर स्थापित होने से पात्र लाभार्थियों को देशभर के सीजीएचएस पैनल में शामिल अस्पतालों में सीजीएचएस नियमों के तहत कैशलेस उपचार की सुविधा मिल सकेगी। इससे हजारों पेंशनभोगियों और उनके आश्रितों को स्वास्थ्य सुरक्षा का महत्वपूर्ण लाभ प्राप्त होगा। सांसद ने इस मामले में हुई सकारात्मक प्रगति पर संतोष व्यक्त करते हुए कहा कि अंडमान एवं निकोबार द्वीप समूह में रहने वाले सेवानिवृत्त सरकारी कर्मचारियों और पेंशनभोगियों की स्वास्थ्य संबंधी आवश्यकताओं को देखते हुए इस प्रस्ताव को शीघ्र स्वीकृति प्रदान की जानी चाहिए। उन्होंने आश्वासन दिया कि जब तक श्री विजयापुरम में केंद्रीय सरकार स्वास्थ्य योजना वेलनेस सेंटर को मंजूरी नहीं मिल जाती और उसका संचालन शुरू नहीं हो जाता, तब तक वह इस मुद्दे को मंत्रालय के समक्ष पूरी मजबूती से उठाते रहेंगे।