गुवाहाटी : असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने रविवार को धुबरी जिले के चापर में अडानी पावर लिमिटेड के प्रस्तावित 3,200 मेगावाट अल्ट्रा-सुपरक्रिटिकल थर्मल पावर प्लांट की आधारशिला रखी। करीब 48,000 करोड़ रुपये के निवेश वाली यह परियोजना असम में होने वाले सबसे बड़े एकल निवेशों में से एक मानी जा रही है। परियोजना के निर्माण चरण में बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर पैदा होने और इसके संचालन के बाद भी हजारों लोगों को रोजगार मिलने की उम्मीद है।
निर्माण चरण में 20 हजार रोजगार की संभावना
आधारशिला समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री सरमा ने कहा कि परियोजना से निर्माण के दौरान बड़े पैमाने पर रोजगार पैदा होंगे। इसके साथ ही इससे आर्थिक गतिविधियों में तेजी आएगी और स्थानीय उद्योगों तथा पूरे कारोबारी इकोसिस्टम को लाभ मिलेगा। उन्होंने कहा कि करीब 48 हजार करोड़ रुपये का निवेश असम के लिए महत्वपूर्ण है। राज्य को परियोजना से आर्थिक गतिविधियों के विस्तार के साथ एसजीएसटी राजस्व का भी लाभ मिलने की उम्मीद है। स्थानीय ठेकेदारों, आपूर्तिकर्ताओं और कारोबारियों के लिए भी नए अवसर पैदा होंगे। परियोजना के निर्माण चरण में करीब 20,000 रोजगार पैदा होने का अनुमान है, जबकि संयंत्र के संचालन में आने के बाद लगभग 5,000 लोगों को रोजगार मिलने की उम्मीद है।
चार इकाइयों वाला होगा पावर प्लांट
अधिकारियों के अनुसार, चापर पावर प्लांट में 800-800 मेगावाट की चार इकाइयां होंगी। इसमें अल्ट्रा-सुपरक्रिटिकल तकनीक का इस्तेमाल किया जाएगा। इस तकनीक के साथ उच्च दक्षता वाली प्रणालियां और आधुनिक पर्यावरणीय सुरक्षा उपाय भी परियोजना का हिस्सा होंगे। अडानी समूह के निदेशक जीत अडानी भी आधारशिला कार्यक्रम में मौजूद रहे। उन्होंने कहा कि असम की भौगोलिक स्थिति राज्य को देश की ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने की क्षमता देती है।
स्थानीय कारोबार को मिलेगा अवसर
जीत अडानी ने कहा कि परियोजना का उद्देश्य घरों, कारोबार और उद्योगों के लिए विश्वसनीय एवं किफायती बिजली उपलब्ध कराने में योगदान देना है। उनके अनुसार, इससे स्थानीय ठेकेदारों, सप्लायर्स और कारोबारियों के लिए भी अवसर खुलेंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि असम तेजी से पूर्वोत्तर का ऊर्जा केंद्र बनने की दिशा में आगे बढ़ रहा है। राज्य में कई बड़े ऊर्जा प्रोजेक्ट पाइपलाइन में हैं।
Advantage Assam Summit से मिला निवेश का भरोसा
सरमा ने चापर परियोजना को Advantage Assam Investor Summit 2.0 से बने निवेश माहौल का परिणाम बताया। यह निवेशक सम्मेलन फरवरी 2025 में आयोजित किया गया था। उनके अनुसार, सम्मेलन के माध्यम से असम में निवेश को लेकर पैदा हुए भरोसे से इस तरह की बड़ी परियोजनाओं को गति मिली। अडानी पावर लिमिटेड अक्टूबर 2025 में प्रतिस्पर्धी बोली प्रक्रिया के जरिए 3,200 मेगावाट के इस पावर प्लांट की स्थापना के लिए सफल बोलीदाता बनी थी। इसके बाद असम पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड (APDCL) ने नवंबर 2025 में कंपनी को लेटर ऑफ अवॉर्ड जारी किया।
चापर परियोजना के आकार और निवेश को देखते हुए इसे असम के ऊर्जा क्षेत्र में महत्वपूर्ण औद्योगिक परियोजनाओं में शामिल किया जा रहा है। इसके निर्माण से धुबरी और आसपास के क्षेत्रों में आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।