गुवाहाटी : असम ने बच्चों की शुरुआती देखभाल और शिक्षा के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल की है। मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा ने बताया कि राज्य में अब तक 9,054 मॉडल आंगनवाड़ी केंद्र तैयार किए जा चुके हैं, जबकि 6,000 से अधिक नए केंद्र बनाने की प्रक्रिया आगे बढ़ रही है। मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर साझा की गई जानकारी में कहा कि मॉडल आंगनवाड़ी केंद्रों को बच्चों के लिए सुरक्षित, सुविधाजनक और अनुकूल वातावरण के रूप में विकसित किया जा रहा है। इन केंद्रों में बच्चों की देखभाल के साथ-साथ उनकी शुरुआती शिक्षा और समग्र विकास पर भी जोर दिया जा रहा है।
शुरुआती शिक्षा पर जोर
मुख्यमंत्री के अनुसार, मॉडल आंगनवाड़ी केंद्रों का उद्देश्य बच्चों को प्रारंभिक उम्र से ही बेहतर देखभाल और सीखने का अवसर उपलब्ध कराना है। इन केंद्रों में प्रशिक्षित देखभाल करने वालों के साथ बच्चों की शुरुआती शिक्षा के लिए बेहतर सुविधाएं विकसित की जा रही हैं। सरकार का मानना है कि जीवन के शुरुआती वर्षों में बच्चों को बेहतर पोषण, देखभाल और सीखने का अनुकूल वातावरण उपलब्ध कराना उनके आगे के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। इसी को ध्यान में रखते हुए राज्य में मौजूदा आंगनवाड़ी व्यवस्था को मॉडल केंद्रों के रूप में विकसित करने पर जोर दिया जा रहा है।
6,000 से अधिक नए केंद्र प्रस्तावित
मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य में पहले ही 9,054 मॉडल आंगनवाड़ी केंद्र तैयार हो चुके हैं। इसके अलावा 6,000 से अधिक अतिरिक्त मॉडल आंगनवाड़ी केंद्रों के निर्माण की प्रक्रिया चल रही है। इन केंद्रों के तैयार होने के बाद राज्य के विभिन्न क्षेत्रों में बच्चों के लिए शुरुआती देखभाल और शिक्षा की सुविधाओं का विस्तार होगा। सरकार की इस पहल का उद्देश्य आंगनवाड़ी केंद्रों को केवल बच्चों की देखभाल के स्थान तक सीमित न रखकर उन्हें शुरुआती शिक्षा और बाल विकास के महत्वपूर्ण केंद्रों के रूप में विकसित करना है।
‘विकसित असम’ विजन का हिस्सा
मुख्यमंत्री ने मॉडल आंगनवाड़ी केंद्रों के विस्तार को राज्य सरकार के ‘विकसित असम’ विजन से जोड़ते हुए कहा कि बच्चों की शुरुआती देखभाल और शिक्षा को मजबूत करना राज्य के समग्र विकास के लिए महत्वपूर्ण है। राज्य सरकार का जोर आंगनवाड़ी ढांचे को आधुनिक बनाने, बच्चों के लिए सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराने और शुरुआती शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार करने पर है। 9,054 केंद्रों के निर्माण और 6,000 से अधिक नए केंद्रों की योजना के साथ असम में बाल देखभाल एवं प्रारंभिक शिक्षा के बुनियादी ढांचे को व्यापक स्तर पर विस्तार देने की तैयारी की जा रही है।