सन्मार्ग संवाददाता
श्री विजय पुरम – ब्रुक्सबाद के चर्च टिकरी के पास शुक्रवार शाम जंगल में 37 वर्षीय व्यक्ति जूलियस केरकेट्टा का शव मिलने से इलाके में चिंता फैल गई। मृतक के हाथ और पैरों पर चोटों के निशान मिलने के बाद परिवार ने आशंका जताई है कि उनकी मृत्यु से पहले उन पर हमला किया गया हो सकता है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है, हालांकि अभी तक मृत्यु के कारण अथवा हत्या की पुष्टि नहीं हुई है।
परिजनों के अनुसार जूलियस केरकेट्टा एक अक्टूबर की शाम लगभग पांच से छह बजे के बीच घर से निकले थे, लेकिन रात में वापस नहीं लौटे। उनके छोटे भाई सतीश केरकेट्टा, 33, ने बताया कि अगले दिन सुबह वे अपने काम पर चले गए और करीब एक बजे लौटने के बावजूद उन्हें अपने भाई के बारे में कोई जानकारी नहीं मिली।
परिवार को जूलियस के बारे में करीब साढ़े चार बजे जानकारी मिली। ऊपरी कॉलोनी का एक स्थानीय बालक उनके घर पहुंचा और बताया कि जूलियस चर्च टिकरी के पास जंगल में पड़े हुए हैं। इसके बाद सतीश अपने बहनोई विजय और एक अन्य रिश्तेदार के साथ बताए गए स्थान पर पहुंचे।
परिजनों के अनुसार जूलियस जमीन पर निश्चल पड़े थे और सांस नहीं ले रहे थे। उनके हाथ तथा पैरों पर चोटों के निशान भी दिखाई दिए। इसके बाद परिवार ने पुलिस को सूचना दी और आशंका जताई कि उनकी मृत्यु से पहले उनके साथ मारपीट या हमला हुआ हो सकता है।
जूलियस के परिवार के अनुसार वे चक्रगांव स्थित विद्युत स्थल कार्यालय में कार्यरत थे। अब जांचकर्ताओं के सामने यह पता लगाने की चुनौती है कि एक अक्टूबर की शाम घर से निकलने के बाद वे चर्च टिकरी के जंगल तक कैसे पहुंचे और उनके शरीर पर मिली चोटें उनकी मृत्यु से संबंधित थीं या नहीं।
पुलिस ने फिलहाल यह स्थापित नहीं किया है कि यह हत्या का मामला है।