अंडमान एसोसिएशन ऑफ टूर ऑपरेटर्स के अध्यक्ष एम. विनोद। 
देश/विदेश

स्पाइसजेट की उड़ानें अंतिम समय में रद्द होने से पर्यटन उद्योग चिंतित

पर्यटकों की परेशानी पर उपराज्यपाल से हस्तक्षेप की अपील

SANJIB KUMAR ROY

सन्मार्ग संवाददाता

श्री विजय पुरम – अंडमान एवं निकोबार द्वीपसमूह में स्पाइसजेट की उड़ानों के बार-बार अंतिम समय में रद्द किए जाने पर अंडमान एसोसिएशन ऑफ टूर ऑपरेटर्स ने गंभीर चिंता व्यक्त की है। संगठन ने कहा है कि इस तरह अचानक उड़ानें रद्द होने से द्वीपसमूह का पर्यटन उद्योग बुरी तरह प्रभावित हो रहा है और एक प्रमुख पर्यटन स्थल के रूप में अंडमान की छवि को भी नुकसान पहुंच रहा है। संगठन ने इस समस्या के समाधान के लिए उपराज्यपाल से तत्काल हस्तक्षेप करने की अपील की है।

संगठन ने कहा कि अंडमान एवं निकोबार द्वीपसमूह का पर्यटन उद्योग पहले से ही लगातार बढ़ते हवाई किरायों के कारण कई चुनौतियों का सामना कर रहा है। ऐसे में अंतिम समय में उड़ानों का अचानक रद्द होना स्थिति को और गंभीर बना रहा है। इससे पर्यटकों के साथ-साथ पर्यटन क्षेत्र से जुड़े विभिन्न कारोबारियों और सेवा प्रदाताओं को भी भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

संगठन के अनुसार, द्वीपसमूह आने वाले पर्यटक काफी पहले से अपनी यात्रा की योजना बनाते हैं और उसी के अनुसार होटलों, समुद्री यात्राओं, परिवहन, दर्शनीय स्थलों के भ्रमण तथा अन्य पर्यटन संबंधी गतिविधियों के लिए अग्रिम बुकिंग कराते हैं। ऐसे में जब अंतिम समय में उड़ानें रद्द कर दी जाती हैं, तो उनकी पूरी यात्रा योजना प्रभावित हो जाती है। इससे पर्यटकों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है और उन्हें अनावश्यक असुविधा तथा निराशा का सामना करना पड़ता है।

संगठन ने कहा कि इस तरह की घटनाओं का असर केवल प्रभावित यात्रियों तक सीमित नहीं रहता, बल्कि इससे अंडमान में पर्यटन को लेकर नकारात्मक संदेश भी जाता है। पर्यटकों के बीच ऐसी धारणा बनने से भविष्य में यहां आने वाले लोगों की संख्या प्रभावित हो सकती है। इसका सीधा असर पर्यटन पर निर्भर हजारों लोगों की आजीविका पर भी पड़ सकता है।

अंडमान एसोसिएशन ऑफ टूर ऑपरेटर्स ने स्पष्ट किया कि यह कोई एक बार की घटना नहीं है, बल्कि इस मार्ग पर उड़ानों के अंतिम समय में रद्द होने की समस्या बार-बार सामने आ रही है। संगठन ने बताया कि इस मुद्दे को पहले भी संबंधित अधिकारियों के समक्ष उठाया गया है और समस्या के स्थायी समाधान की मांग की गई है, लेकिन अब तक कोई प्रभावी समाधान नहीं निकल पाया है।

इस संबंध में संगठन के अध्यक्ष एम. विनोद ने अंडमान एवं निकोबार द्वीपसमूह के उपराज्यपाल से विनम्र अपील करते हुए इस मामले में व्यक्तिगत हस्तक्षेप करने और उचित मार्गदर्शन प्रदान करने का अनुरोध किया है। उन्होंने कहा कि उपराज्यपाल के दूरदर्शी नेतृत्व में प्रशासन द्वीपसमूह में पर्यटन को बढ़ावा देने और इसके विकास के लिए लगातार प्रयास कर रहा है। हालांकि, स्पाइसजेट द्वारा बार-बार अंतिम समय में उड़ानें रद्द किए जाने से इन प्रयासों पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है और पर्यटकों के बीच द्वीपसमूह की छवि प्रभावित हो रही है।

संगठन ने उपराज्यपाल से अनुरोध किया है कि वे इस मामले को गंभीरता से लेते हुए संबंधित अधिकारियों के माध्यम से आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करें। साथ ही विमानन कंपनी की जवाबदेही तय करने, अंतिम समय में उड़ानें रद्द किए जाने की घटनाओं को कम करने तथा प्रभावित यात्रियों को लागू नियमों के अनुसार उपयुक्त वैकल्पिक यात्रा व्यवस्था और राहत उपलब्ध कराने की दिशा में कदम उठाए जाएं।

अंडमान एसोसिएशन ऑफ टूर ऑपरेटर्स ने विश्वास व्यक्त किया है कि उपराज्यपाल के कुशल नेतृत्व और मार्गदर्शन में इस समस्या का प्रभावी समाधान निकाला जा सकता है।

SCROLL FOR NEXT