मुंबई : कच्चे तेल के दाम में नरमी और बैंक, वित्तीय तथा आईटी शेयरों में लिवाली से स्थानीय शेयर बाजार में तेजी लौटी। भारत-अमेरिका व्यापार समझौते को लेकर बढ़ती उम्मीद और घरेलू बाजार में विदेशी संस्थागत निवेशकों के शुद्ध रूप से लिवाल बनने से भी बाजार को समर्थन को मिला। बीएसई सेंसेक्स 790.54 अंक यानी 1.04 प्रतिशत बढ़कर 76991.22 अंक पर बंद हुआ। एक समय यह 989.69 अंक तक चढ़ गया था। बीएसई में सूचीबद्ध 2,215 शेयर लाभ में रहे, जबकि 2,034 में गिरावट आई। वहीं 181 के भाव अपरिवर्तित रहे। एनएसई निफ्टी 197.55 अंक यानी 0.83 प्रतिशत बढ़कर 24,021.65 अंक पर बंद हुआ। वैश्विक तेल मानक ब्रेंट क्रूड 1.69 प्रतिशत टूटकर 75.78 डॉलर प्रति बैरल पर आ गया।
क्या रही स्थिति : सेंसेक्स की कंपनियों में इंटरग्लोब एविएशन, ट्रेंट, टेक महिंद्रा, बजाज फाइनेंस, आईसीआईसीआई बैंक, इन्फोसिस, एचडीएफसी बैंक और टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज प्रमुख रूप से लाभ में रहीं। नुकसान में रहने वाले शेयरों में एनटीपीसी, टाटा स्टील, मारुति और भारत इलेक्ट्रॉनिक्स शामिल हैं। एशिया के अन्य बाजारों में दक्षिण कोरिया का कॉस्पी, चीन का शंघाई कम्पोजिट और हांगकांग का हैंग सेंग बढ़त के साथ बंद हुए, जबकि जापान के निक्की में गिरावट रही।
क्या कहते हैं विशेषज्ञ : एनरिच मनी के मुख्य कार्यपालक अधिकारी पोनमुडी आर ने कहा, बैंकिंग शेयरों में मजबूत बढ़त और आईटी क्षेत्र में सुधार के कारण भारतीय शेयर बाजार ने अच्छी वापसी की। पश्चिम एशिया में तनाव कम होने और कच्चे तेल की कीमतों में और गिरावट से निवेशकों का जोखिम लेने का उत्साह लौटा और व्यापक बाजार भागीदारी को समर्थन मिला। इससे बाजार धारणा में सुधार हुआ।