2030 तक भारत बनेगा दुनिया का सबसे बड़ा डेवलपर समुदाय : सत्या नडेला 
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2030 तक भारत बनेगा दुनिया का सबसे बड़ा डेवलपर समुदाय : सत्या नडेला

माइक्रोसॉफ्ट प्रमुख ने कहा, भारत की एआई क्षमता और तकनीकी प्रतिभा के दम पर 2030 तक देश दुनिया का सबसे बड़ा डेवलपर समुदाय बनेगा, अमेरिका के साथ गहराती टेक साझेदारी से नवाचार को नई रफ्तार मिलेगी

Goutam Ojha

सिएटल : माइक्रोसॉफ्ट के चेयरमैन और सीईओ सत्या नडेला ने भारत की आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) क्षमता को मजबूत करने की कंपनी की प्रतिबद्धता दोहराते हुए कहा कि 2030 तक भारत दुनिया का सबसे बड़ा डेवलपर समुदाय बन जाएगा। उन्होंने भारत की प्रतिभा और तकनीकी विशेषज्ञता की सराहना की।

नडेला ने यह बात सिएटल में भारत के कॉन्सुलेट जनरल की ओर से आयोजित ‘IDEAS4INDIA : इंडियन अमेरिकन टेक CEOs फोरम’ में कही। ‘अनलॉकिंग द टेक डिविडेंड’ विषय पर आयोजित इस कार्यक्रम का उद्देश्य ग्रेटर सिएटल में बसे भारतीय-अमेरिकी तकनीकी समुदाय की विशेषज्ञता का उपयोग कर भारत-अमेरिका के बीच तकनीकी सहयोग को बढ़ावा देना था। यह फोरम ‘इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट 2026’ के बाद आयोजित किया गया।

40 से अधिक भारतीय मूल के टेक लीडर शामिल

कार्यक्रम में माइक्रोसॉफ्ट, अमेजन, बोइंग, ओपनएआई, एंथ्रोपिक और इंटेल सहित पैसिफिक नॉर्थवेस्ट की प्रमुख कंपनियों के 40 से अधिक भारतीय मूल के सीईओ और सीटीओ शामिल हुए। क्लाउड, एआई, क्वांटम कंप्यूटिंग, सेमीकंडक्टर, एयरोस्पेस और एंटरप्राइज सॉफ्टवेयर क्षेत्र के विशेषज्ञों ने भी विचार साझा किए। यूएसबी-सी ड्राइव के आविष्कारक और पद्म श्री से सम्मानित अजय भट्ट भी चर्चा में शामिल हुए।

इंटरैक्टिव सत्र में एआई इंफ्रास्ट्रक्चर, डेटा सेंटर, सेमीकंडक्टर डिजाइन और विनिर्माण, क्वांटम रिसर्च, प्रतिभा विकास, एयरोस्पेस तथा उन्नत विनिर्माण जैसे विषयों पर चर्चा हुई। भारत के राजदूत विनय क्वात्रा ने भारत-अमेरिका तकनीकी साझेदारी को गहरा करने की इच्छा का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि भारत का एआई मिशन समावेशिता, खुलेपन, संप्रभुता, लोकतांत्रिक पहुंच, सुरक्षा और भरोसे के सिद्धांतों पर आधारित रहेगा।

भारत में बड़े निवेश की योजनाएं

माइक्रोसॉफ्ट ने 2026 से 2029 के बीच भारत में 17.5 अरब डॉलर निवेश करने की घोषणा की है। कंपनी के अनुसार, यह एशिया में उसका अब तक का सबसे बड़ा निवेश होगा। इसका फोकस क्लाउड और एआई इंफ्रास्ट्रक्चर, कौशल विकास और परिचालन पर रहेगा। वहीं, अमेजन ने 2026 से 2030 के बीच 48 अरब डॉलर निवेश की योजना घोषित की है, जिसमें मुंबई और हैदराबाद में एडब्ल्यूएस डेटा सेंटर का विस्तार शामिल है। कॉस्टको भी हैदराबाद में अपना पहला ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर स्थापित कर रहा है।

फोरम की शुरुआत सिएटल के दो भारतीय मूल के तकनीकी नेताओं-आईसर्टिस के सह-संस्थापक और सीईओ समीर बोडास तथा मद्रोना वेंचर ग्रुप के मैनेजिंग डायरेक्टर और माइक्रोसॉफ्ट के पूर्व कॉर्पोरेट उपाध्यक्ष एस. सोमसेगर-की याद में एक मिनट के मौन से हुई। दोनों का हाल ही में निधन हुआ था।

आयोजकों के मुताबिक, यह सिएटल में अपनी तरह का पहला फोरम था। इससे भारत-अमेरिका की ‘ट्रस्ट’ पहल के तहत एआई, क्वांटम, सेमीकंडक्टर, अंतरिक्ष, दूरसंचार और जैव-प्रौद्योगिकी जैसे क्षेत्रों में सहयोग को आगे बढ़ाने की उम्मीद है।

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