सबिता, सन्मार्ग संवाददाता
कोलकाता : तृणमूल कांग्रेस ने चुनाव आयोग पर भाजपा के इशारों पर चलने का आरोप लगाया है। बुधवार को प्रेस कांफ्रेंस में मंत्री चंद्रिमा भट्टाचार्य ने कई गंभीर आरोप लगाये और कहा कि बांकुड़ा की कोई सामान्य घटना नहीं है, भाजपा की चुनावी रणनीति सामने आ गई है। बांकुड़ा में असली वोटरों को हटाने की भाजपा की खतरनाक साजिश का पर्दाफाश हो गया है। रानीबांध के खतरा ब्लॉक में लगभग 3,000-4,000 पहले से भरे हुए फ़ॉर्म 7 ले जा रहे एक वाहन को पकड़ा गया, जिसमें पहले से ही वोटरों के नाम और डिटेल्स भरे हुए थे। फॉर्म खाली नहीं थे, वे पहले से भरे हुए थे क्योंकि मकसद नामों को हटाना था। चंद्रिमा भट्टाचार्य ने आरोप लगाया कि जब गाड़ी पकड़ी गई तो उसमें पांच भाजपा कार्यकर्ता थे। दो को गिरफ्तार किया गया है जबकि तीन मौके से फरार हो गए। उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है।
दावा : यह धोखाधड़ी सिर्फ बांकुड़ा तक सीमित नहीं है...
मंत्री ने आरोप लगाया कि यह कोई सामान्य घटना नहीं है बल्कि यह भाजपा की पूरी चुनावी रणनीति है जो सामने आ गई है। वह लोगों के जनादेश से चुनाव नहीं जीत सकती, इसलिए बड़े पैमाने पर वोटरों के नाम हटाकर चुनाव चाहती है। यह धोखाधड़ी सिर्फ बांकुड़ा तक सीमित नहीं है, मालदा के इंग्लिश बाजार, बांकुड़ा के रानीबांध और तालडांगरा, पूर्व मिदनापुर के मोयना और तमलुक, हुगली के चुंचुड़ा और चंदननगर, उत्तर 24 परगना के बैरकपुर और कोलकाता के जोड़ासांको से भी चिंताजनक रिपोर्टें सामने आई हैं।
क्या चुनाव आयोग WhatsApp के जरिए चलाया जा रहा है?
मंत्री ने कहा कि ऐसा लगता है कि चुनाव आयोग के सभी निर्देश WhatsApp के जरिए आ रहे हैं। नियम रोज बदलते हैं, माइक्रो-ऑब्ज़र्वर सिर्फ बंगाल में हैं। अगर टेक्नोलॉजी का इस तरह से गलत इस्तेमाल किया जा रहा है, तो हम इसका जोरदार विरोध करेंगे। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा ने बड़ी संख्या में वोटरों के नाम हटाने और ओडिशा, बिहार और झारखंड से फर्जी वोटर लाने की योजना बनाई थी। यही ऑपरेशन पूरे बंगाल में चल रहा है। यह कई जिलों की साजिश है। खतरा में पकड़ी गई गाड़ी राज्य भर में चल रही एक बड़ी मशीनरी का सिर्फ एक हिस्सा है।