आसनसोल : विधानसभा चुनाव में भाजपा की ऐतिहासिक जीत होने के बाद विभिन्न जगहों पर तृणमूल कार्यालयों पर हमला कर तोड़-फोड़ और कब्जा करने की खबरें सामने आ रही हैं। इसकी भनक लगते ही आसनसोल उत्तर के नवनिर्वाचित विधायक कृष्णेंदु मुखर्जी ने कड़ा रुख अपनाया है। उन्होंने पत्रकारों को संबोधित करते हुए कहा कि चुनाव परिणाम के बाद विभिन्न जगहों पर हिंसा व तोड़-फोड़ करने वालों पर पुलिस कड़ी कर्रवाई करे। वे लोग भाजपा के कार्यकर्ता हो ही नहीं सकते हैं। भाजपा का झंडा लेकर तृणमूल कर्मी भीड़ में घुसकर तृणमूल कार्यालयों पर हमला व तोड़-फोड़ की घटना को अंजाम दे रहे हैं ताकि लोगों के सामने भाजपा को बदनाम किया जा सके। कई जगहों पर तृणमूल कार्यालय पर कब्जा व तोड़-फोड़ की खबरें सुनकर वे खुद अपने कुछ कार्यकर्ताओं के साथ वहां पहुंचे और लोगों से बातचीत की। उन्होंने कहा कि वे ऐसी घटनाओं की तीव्र निंदा करते हैं। यह भाजपा की संस्कृति के खिलाफ है। भाजपा लोकतंत्र में विश्वास करने वाला राजनीतिक दल है। कानून व्यवस्था भाजपा के लिए सर्वोपरि है। उन्होंने आसनसोल दक्षिण थाने की पुलिस द्वारा तोड़-फोड़ के आरोप में 40 लोगों को गिरफ्तार करने के मामले में कहा कि पुलिस कड़ी कार्रवाई करे। इस मामले में भाजपा हस्तक्षेप नहीं करेगी। हर एक व्यक्ति की सुरक्षा होनी चाहिए। अल्पसंख्यक व अन्य राजनीतिक दल के सदस्यों को डरने की बात नहीं है। सभी को सामान्य तौर पर अपना दैनिक कार्य व व्यापार करने में ध्यान देना चाहिए। भाजपा बदले की भावना से कोई भी गैरकानूनी कार्य करने की छूट किसी को नहीं देगी।
भाजपा सभी वादे को करेगी पूरा
कृष्णेंदु मुखर्जी ने कहा कि चुनाव पूर्व भाजपा ने आम जनता से जो वादे किए हैं, वे सभी पूरे किए जाएंगे। इसमें किसी तरह की कोताही नहीं की जाएगी। लोगों को बुनियादी सुविधाओं में जलापूर्ति, सड़क, जरूरतमंदों को घर व शौचालय तथा स्वास्थ्य को दुरुस्त किया जाएगा। केंद्र सरकार ने अमरुत जल परियोजना के तहत करोड़ों रुपया भेजा था, जिसे तृणमूल के नेताओं ने बर्बाद कर दिया। खर्च करने के बजाय अपनी जेब भरने में लगा दिया, जिस कारण लोगों की पानी की समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो सका। जल निकासी व्यवस्था को ठीक किया जाएगा ताकि बारिश होने पर कहीं भी जल जमाव की समस्या से लोगों को दो चार नहीं होना पड़े।