जितेन्द्र, सन्मार्ग संवाददाता
सांकतोड़िया : मुगमा क्षेत्र चापापुर ओसीपी में कोयला चोरी रोकने गई संयुक्त सुरक्षा टीम पर रविवार को महिलाओं ने पथराव कर दिया। पथराव में ईसीएल के सुरक्षा प्रहरी काजल गोराई तथा सीआईएसएफ वाहन ड्राइवर संजय सिंह घायल हो गए। घटना के बाद सुरक्षा टीम ने मामले की सूचना पुलिस को दी। घटना के संबंध में अभियुक्तों के खिलाफ आवश्यक कानूनी कार्रवाई और एफआईआर दर्ज करने के लिए निरसा थाना में लिखित शिकायत भी दी गई है। जानकारी के अनुसार, ईसीएल के क्षेत्र सुरक्षा विभाग और सीआईएसएफ मुगमा कैंप के जवानों की संयुक्त टीम चापापुर ओसीपी में नियमित गश्ती और निरीक्षण कर रही थी। इसी दौरान टीम ने कुछ लोगों को कथित तौर पर अनधिकृत तरीके से कोयला उठाते हुए देखा। सुरक्षा दल को देखते ही वे लोग मौके से भाग निकले। आरोप है कि इसके बाद उन्होंने कुछ अन्य अज्ञात उपद्रवी तत्वों को लेकर गश्ती दल और उसके वाहनों पर हमला कर दिया, उन पर पत्थर बरसाने लगे। अचानक हुए इस हमले में कई सुरक्षा कर्मी घायल हो गये। वाहनों को भी नुकसान पहुंचा।
सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
चापापुर ओसीपी में सुरक्षा टीम पर हुए इस हमले ने कोयला चोरी रोकने की कार्रवाई के दौरान सुरक्षा कर्मियों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। वहीं जिस समय सुरक्षा बल खदान परिसर में अवैध कोयला उठाव रोकने के लिए गश्त कर रहा था, उसी दौरान महिलाओं ने उन पर हमला कर दिया। हमलावर महिलाएं होने के कारण सीआईएसएफ और ईसीएल सुरक्षा कर्मी खामोश रहे। महिलाओं को देख सीआईएसएफ कमांडेंट राहुल सिंह गौतम एवं ईसीएल सुरक्षा प्रमुख शरदेंदु तिवारी ने अपने अपने क्षेत्र से महिला सुरक्षा जवानों को भेजा ताकि हमलावर महिलाओं को तितर-बितर किया जा सके। घटना के बाद अब पुलिस की कार्रवाई और हमले में शामिल लोगों की पहचान पर नजर है। निरसा थाना में दी गई शिकायत के आधार पर अभियुक्तों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की तैयारी की जा रही है।