पीएम मोदी ने राष्ट्र को किया संबोधित, कहा- जम्मू कश्मीर के लोगों को उनका हक मिलेगा

नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को राष्ट्र को संबोधित किया। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि अनुच्छेद 370 और 35ए ने वहां के लोगों को विकास और अधिकारों से वंचित रखा। उन्होंने कहा कि आज करोड़ों देशवासियों का सपना पूरा हुआ। सरकार ने एक परिवार के तौर पर एक ऐतिहासिक फैसला लिया। उन्होंने कहा कि अनुच्छेद 370 और 35ए का इस्तेमाल अलगाववाद, आतंकवाद, परिवारवाद और भ्रष्टाचार को बढ़वा देने के लिए किया गया।
47 हजार नर्दोष लोगों को अपनी जान गंवानी पड़ी
प्रधानमंत्री ने राष्ट्र को संबोधित करते हुए कहा कि अनुच्छेद 370 के कारण जम्मू कश्मीर में 47 हजार नर्दोष लोगों को अपनी जान गंवानी पड़ी। उन्होंने कहा कि जम्मू कश्मीर और लद्दाख का विकास उस तरह से नहीं हुआ जिस तरह से होना चाहिए था। जिसका वह हकदार था। अब जम्मू कश्मीर और लद्दाख का विकास होगा और उसका भविष्य सुधरेगा। उन्होंने कहा कि कानून बनाते समय संसद के बाहर और भीतर बहुत चर्चा होती है। पूरी प्रक्रिया से गुजरने के बाद जो कानून बनता है वह देश के लोगों को लाभ पहुंचाने के लिए किया जाता है। पीएम मोदी ने कहा कि देश के अन्य राज्यों में शिक्षा का अधिकार है जम्मू के बच्‍चे इससे वंचित थे, उनका क्या दोष है, उन बच्चों को अब शिक्षा का अधिकार मिल पायेगा।

1.70 करोड़ लोग सरकारी योजनाओं से वंचित रह जाते थे
मोदी ने कहा कि देश में दलितों, श्रमिकों, अल्पसंख्यकों और सफाई कर्मचारियों के प्रति अत्याचार रोकने के लिए कानून लागू है लेकिन जम्मू कश्मीर के लोगों पर यह लागू नहीं होता है। 370 के कारण 1.70 करोड़ लोग सरकारी योजनाओं से वंचित रह जाते थे पर अब यह नहीं होगा। जम्मू कश्मीर की बेटियों को अब उनका हक मिलेगा। उन्होंने यह भी कहा कि अभी केंद्र शासित प्रदेशों में एलपीसी, हाउस रेंट अलाउऐंस, एजुकेशन अलाउऐंस, हेल्‍थ स्कीम का लाभ यहां के लोगों को नहीं मिलता है। मोदी ने कहा कि जम्मू कश्मीर के लोगों और पुलिसों को इसका लाभ मिलेगा।
जम्मू कश्मीर के सभी रिक्त पदों को भरा जाएगा
उन्होंने कहा कि जम्मू कश्मीर के सभी रिक्त पदों को भरा जाएगा ताकि वहां के लोगों को रोजगार मिल सके। मोदी ने कहा कि वहां के युवाओं के लिए सेना और अद्धसैनिक बलों में भर्ती रैली निकाली जाएगी। प्रधानमंत्री स्कॉलरशिप योजनाओं का विस्तार होगा जिससे वहां के लोगों को इसका लाभ मिल सके। उन्होंने कहा कि जो योजनाएं कागजों पर थी उसे जमीन पर उतारा जाएगा। प्रधानमंत्री मोदी ने जम्मू कश्मीर के लोगों को आश्वस्त किया कि आपका जनप्रतिनिधि आपके बीच से चुना जाएगा। जैसे पहले एमएलए चुने जाते थे, कैबिनेट होती थी वैसी ही होगी। जैसे आपके सीएम होते थे वैसे ही होंगे।
लद्दाख में बड़ा टूरिस्ट डेस्टिनेशन बनने की क्षमता
उन्होंने कहा- मुझे विश्वास है कि अलगाववाद को खत्म करके हम नई आशा, ऊर्जा के साथ आगे बढ़ेंगे। जम्मू-कश्मीर की जनता गुडगवर्नेंस के वातावरण में नए मुकाम हासिल करेगी। दशकों के अलगाववाद ने जम्मू-कश्मीर के युवाओं को नेतृत्व का अवसर ही नहीं दिया। अब युवा विकास का नेतृत्व करेंंगे और उसे नई ऊंचाइयों पर ले जाएंगे। बहन-बेटियों से आग्रह करूंगा कि अपने क्षेत्र के विकास की कमान संभालने के लिए आगे आइए। जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में दुनिया का सबसे बड़ा टूरिस्ट डेस्टिनेशन बनने की क्षमता है।
कश्मीर के प्रोडक्ट को दुनिया में पहुंचाने के लिए आगे आएं
उन्होंने कहा कि लद्दाख में सोलू नाम का पौधा पाया जाता है। जानकारों का कहना है कि हाई एल्टीट्यूड पर रहने वालों के लिए संजीवनी का काम करता है। ऐसी अद्भुत चीज दुनियाभर में बिकनी चाहिए कि नहीं। कौन हिंदुस्तानी नहीं चाहेगा। मैंने एक ही नाम लिया है। ऐसे अनगिनत पौधे और हर्बल प्रोडक्ट जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में बिखरे पड़े हैं। इसका लाभ वहां के लोगों और किसानों को मिलेगा। मैं देश के उद्यमियों, एक्सपोर्ट, फूड प्रोसेसिंग क्षेत्र से जुड़े लोगों से आग्रह करूंगा कि कश्मीर के प्रोडक्ट को दुनिया में पहुंचाने के लिए आगे आएं।
आतंकी को मारने वाली रुखसाना को कीर्ति चक्र दिया
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा आप सभी के परिश्रम ने मेरा विश्वास बढ़ाया है कि बदलाव हो सकता है, लोगों का भला हो सकता है। जम्मू-कश्मीर देश का मुकुट है। इसकी रक्षा के लिए वीर बेटे-बेटियों ने अपना बलिदान दिया है। पुंछ के मौलवी गुलामदीन, जिन्होंने 65 की लड़ाई में पाकिस्तानी घुसपैठियों के बारे में सेना को बताया था। उन्हें अशोक चक्र से सम्मानित किया गया। कारगिल में दुश्मनों को धूल चटाने वाले सोनम वांगचुक को वीर चक्र दिया। आतंकी को मारने वाली रुखसाना को कीर्ति चक्र दिया गया। पुंछ के शहीद औरंगजेब की आतंकियों ने हत्या कर दी थी, उनके दोनों भाई सेना में भर्ती होकर देश की सेवा कर रहे हैं।

अमित शाह ने पेश किया था विधेयक

मालूम हो कि सोमवार को गृह मंत्री अमित शाह ने राज्यसभा में जम्मू कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटाने का संकल्प और राज्य पुनर्गठन विधेयक पेश किया था। यह विधेयक राज्यसभा से पास हो गया था इसके बाद मंगलवार को लोकसभा में विस्तार से चर्चा के बाद हुई वो‌टिंग में भी बहुमत से से पारित हो गया। दोनों सदनों से पास विधेयक ने राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद के हस्ताक्षर के साथ ही कानून का रूप ले लिया और इसपर अमल के लिए राज्य के बंटवारे की प्रक्रिया शुरू हो गई है।

घाटी में इंटरनेट सेवा भी रोक दी गई

मालूम हो कि जम्मू कश्मीर को दो भागों में विभाजित कर दो केंद्र शासित प्रदेश बनाए गए हैं। अब जम्मू कश्मीर लोकसभा की 20 सीटें होगी और लद्दाख बिना विधानसभा वाला केंद्रशासित प्रदेश होगा। इस फैसले को लिए जाने से पहले ही राज्य में विधि व्यवस्‍था बिगड़ने के मद्देनजर वहां भारी तादाद में सुरक्षाबलों को तैनात कर दिया गया। ऊपरी सदन में जम्मू कश्मीर पुनर्गठन विधेयक और अनुच्छे 370 पर संकल्प पेश करते हुए शाह ने बताया कि वहां 8 हजार अतिरिक्त केंद्रीय आरक्षित पुलिस बल (सीआरपीएफ) के जवानों को रवाना किए जाने की जानकारी दी थी। वहीं घाटी के राजनीतिक नेताओं और अलगाववादियों को ऐहतिहातन उनके घरों में हिरासत में ले लिया गया है। साथ ही घाटी में इंटरनेट सेवा भी रोक दी गई है।

एनएसए प्रमुख डोभाल ने लोगों से की बातचीत

इस बीच राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार(एनएसए) अजीत डोभाल राज्य में मौजूद रहते हुए हालात पर बारीकी से नजर बनाए हुए थे। डोभार बुधवार को कश्मीर के दौरे पर शोपियां में लोगों से मिले और उनके साथ लंच करते हुए हल्के फुल्के माहौल में बातचीत भी की। घाटी के हालात के संबंध में राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने केंद्र को रिपोर्ट भी दी है। इस रिपोर्ट में उन्होंने वहां की सुरक्षा व्यवस्था और हालात को संतोषजनक बताया है। वहीं सूचना है कि अनुच्छेद-370 को खत्म किए जाने के विरोध में पुंछ जिले के बाफ्लाइज इलाके में पथराव की घटना भी सामने आई है। घाटी में शांति बहाली के मद्देनजर 100 के करीब नेताओं और 500 से अधिक लाेगाें काे हिरासत में लिया गया है। बता दें कि राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री और नेशनल कांफ्रेस के नेता उमर अब्दुल्ला और पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (पीडीपी) प्रमुख महबूबा मुफ्ती काे पहले से ही गिरफ्तार लिया गया है।

गौरतलब है कि पीएम नरेंद्र मोदी 15 अगस्त को तिरंगा फहराने के बाद लालकिले से देश के लोगों को संबोधित करेंगे। उन्होंन इस साल लोकसभा चुनाव के समय 27 मार्च को आखिरी बार राष्ट्र को संबोधित किया था। 17वीं लोकसभा में भारतीय जनता पार्टी की भारी बहुमत से जीत हुई थी। अपने दूसरे कार्यकाल में मोदी ने कई कड़े फैसले लिए और राष्ट्र की सुरक्षा को अपनी प्राथमिकता बताया है। मालूम हो कि हाल ही में भारत ने चंद्रयान-2 को सफलता पूर्वक प्रक्षेपित कर दुनिया को अपनी ताकत से एकबार फिर वाकिफ कराया है।

शेयर करें

मुख्य समाचार

ओडिशा में विवाहित महिला से सामूहिक बलात्कार,महिला अधिकारी को सौंपा केस

संबलपुर : देश में बलात्कार की घटनाएं थमने का नाम ही नहीं ले रही हैं। हैदराबाद,उन्नाव और मालदह की घटना के बाद अब ओडिशा के आगे पढ़ें »

सऊदी के रेस्तरां में एक साथ प्रवेश कर सकेंगे पुरुष और महिला

रियाद : सऊदी अरब की सरकार लगातार रूढ़िवादी विचारधारा को छोड़कर खुली सोच को अपना रही है। इस दिशा में काम करते हुए सऊदी की आगे पढ़ें »

ऊपर