दुनिया का वो सिक्‍का जिसमें छिपी है आपके करोड़पति होने की गारंटी, जानिए इसके बारे में

कोलकाताः आप में से बहुत से ऐसे लोग होते हैं जिन्‍हें पुराने सिक्‍कों या फिर करेंसी को इकट्ठा करने का शौक होता है। अगर आप भी इनमें से ही एक हैं और आपके पास फ्लोइंग हेयर सिल्‍वर डॉलर सिक्‍का है तो यह खबर आपके लिए ही है। आप अगर सोच रहे हैं कि ऐसा क्‍या है जो इस खबर पर ध्‍यान दिया जाए तो आपको बता दें कि यह सिक्‍का आपके करोड़पति होने की गारंटी है। यह बस कुछ ही सेकेंड्स में आपको करोड़पति बना सकता है। फ्लोइंग हेयर सिल्‍वर डॉलर सिक्‍का अमेरिका का सबसे पहला सिक्‍का है जो चलन में आया था।

स्‍पेनिश डॉलर से प्ररित

इस सिक्‍के की कीमत करोड़ों में है और इसे जब सेल पर रखा गया तो इसकी कीमत ने सबको हैरान कर दिया था। न्‍यू जर्सी में हुई सेल में इसे जिसने खरीदा वो कोई मामूली शख्‍स नहीं था। इस सिक्‍के को सन् 1794 और 1795 में तैयार किया गया था। माना जाता है कि चांदी के इस सिक्‍के को अमेरिका ने सबसे पहले तैयार किया था। सिक्‍के को एक बार फिर सेल पर रखा गया। लास वेगास के द वेनेटियन होटल में इसकी बोली लगाई गई थी। इसका साइज और इसका वजन स्‍पेनिश डॉलर पर आधारित था। स्‍पेनिश डॉलर अमेरिकी नागरिकों के बीच बहुत लोकप्रिय था।

पहली बार 2013 में लगी बोली

साल 2013 में लास वेगास के कलेक्‍टर ब्रूस मॉरलान ने इसे सबसे पहली बार खरीदा था। उन्‍होंने ही इसे फ्लोइंग हेयर सिल्‍वर डॉलर नाम दिया था। ब्रूस ने इस सिक्‍के के लिए 10 मिलियन डॉलर अदा किए था। उस समय किसी सिक्‍के के लिए अदा की गई यह सबसे बड़ी रकम थी। सिक्‍के पर लेडी लिबर्टी की तस्‍वीर है जो सितारों के साथ हैं और एक तरफ ईगल यानी बाज की तस्‍वीर बनी हुई है।

क्‍यों पड़ी इसे बनाने की जरूरत

1791 में एलेक्‍जेंडर हैमिल्‍टन जो अमेरिकी कांग्रेस के सदस्‍य थे, उनकी तरफ से एक ज्‍वॉइन्‍ट रेजोल्‍यूशन पास किया गया था। इस रेजोल्‍यूशन में नेशनल मिन्‍ट यानी सिक्‍कों की ढलाई करने वाले संगठन की बात कही गई थी। इसी वर्ष तत्‍कालीन अमेरिकी राष्‍ट्रपति जॉर्ज वॉशिंगटन ने भी कांग्रेस से एक मिन्‍ट के लिए अपील की। सन् 1972 में अमेरिकी कांग्रेस की तरफ से क्‍वॉइन एज एक्‍ट पास किया गया। आधिकारिक मंजूरी मिलने के बाद भी चांदी और सोने के सिक्‍कों को तैयार करने का काम सन् 1794 तक शुरू नहीं हुआ था।

67 करोड़ रुपए है कीमत

फ्लोइंग हेयर डॉलर को रॉबर्ट स्‍कॉट ने डिजाइन किया था। पहली बार इसे 1794 में तैयार किया गया था। 1795 में दोबारा इसे निर्मित किया गया। अक्‍टूबर 1795 में इस डिजाइन की जगह ड्रेप्ड बस्‍ट डॉलर ने ले ली थी। इस सिक्के को खुद जॉर्ज वाशिंगटन ने जांचा था। एक सिक्के की कीमत भारतीय रुपयों में 67 करोड़ रुपए बताई जा रही है। इस सिक्के को दुनिया का सबसे महंगा सिक्का भी कहा जा रहा है।

 

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