म्युटेशन हुआ फ्री, पेयजल की समस्या को खत्म करने के लिये 210 करोड़

केएमसी में पेश किया गया पूर्णांग बजट
जनता पर नया कर का कोई दबाव नहीं
हरियाली के साथ ही सड़क पर फोकस
महानगर को कचरा मुक्त करने का लक्ष्य
सन्मार्ग संवाददाता
कोलकाता : कोलकाता नगर निगम के प्रशासक फिरहाद हकीम ने शनिवार को 2021-22 का पूर्णांग बजट पेश किया। वित्त वर्ष 2021-22 के लिए पेश किये गये इस पूर्णांग बजट के तहत 4050.05 करोड़ रुपये आय का लक्ष्य रखा गया है, जबकि 4211.05 करोड़ रुपये खर्च करने का लक्ष्य रखा गया है। यानी पूर्णांग बजट में घाटा दिखाया गया है। कुल घाटा 161 करोड़ रुपये का दिखाया गया है। गौरतलब है कि कोरोना महामारी के कारण निगम चुनाव नहीं हो सके, इस वजह प्रशासक के अधीन फिलहाल कोलकाता नगर निगम के कार्य किये जा रहे हैं। ऐसे में अब निगम चुनाव के बाद ही कोलकाता नगर निगम का पूर्णांग बजट पेश करना था लेकिन वर्ष के अंत में हिसाब करने में आ रही गड़बड़ी की वजह से इस बार केएमसी में पूर्णांग बजट पेश किया गया है। जनता के लिये किसी भी तरह का अतिरिक्त कर नहीं लगाया गया है। प्रशासक फिरहाद हकीम ने कहा कि हमें वेवर स्कीम से काफी उम्मीदें हैं। अगर कर वसूली ठीक से हो जाती है तो निगम के खजाने में काफी बढ़ोतरी हो सकती है। वहीं नागरिकों के लिये म्युटेशन को बिल्कुल फ्री कर दिया गया है। इसके साथ ही महानगर के कई इलाकों में पेयजल की समस्या हो रही है, ऐसे में आने वाले समय में पेयजल की किल्लत को खत्म करने के लिये निगम की ओर से बड़े कदम उठाये जा रहे हैं।
नागरिकों के लिये हुआ म्युटेशन फ्री
कोलकाता नगर निगम के द्वारा पेश किये गये पूर्ण बजट में जनता के ऊपर कोई अतिरिक्त कर का भार नहीं दिया गया है। वहीं अब म्युटेशन के दौरान लगने वाला चार्ज नहीं लिया जाएगा। प्रशासक फिरहाद हकीम का कहना है कि पहली बार रजिस्ट्रेशन के साथ अन्य फी निगम की ओर से नि:शुल्क किया जाएगा। इसके बाद अगर वही व्यक्ति दोबार म्युटेशन करवाता है तो फी देना पड़ सकता है। हालांकि आमतौर पर एक बार ही म्युटेशन करवाना अनिवार्य होता है जो​ कि निगम की ओर से फ्री कर दिया गया है।
पेयजल की समस्या को खत्म करेगा निगम
महानगर में पेयजल की समस्या को खत्म करने के लिये जगह-जगह पर बूस्टर पम्पिंग स्टेशन बनाये जाएंगे। खासतौर पर टॉलीगंज व जादवपुर के इलाकों में पेयजल की समस्या को समाप्त करने के लिये बूस्टर पम्पिंग स्टेशन तैयार किये जाएंगे। प्रशासक फिरहाद हकीम का दावा है कि आने वाले वर्ष में महानगर में पेयजल की समस्या खत्म हो जाएगी। इसके लिये 210 करोड़ रुपये आवंटित किये गये हैं।
इन विभागों पर होगा केएमसी का फोकस
कोलकाता नगर निगम का लक्ष्य सड़कों को सपाट करना व हरियाली को बढ़ावा देना होगा। वहीं महानगर को कचरा मुक्त करने के लिये लगभग 58969.00 लाख रुपये खर्च करने का लक्ष्य रखा गया है। बिल्डिंग प्लान व पेयजल की समस्या को खत्म करने के लिये भी निगम कार्य कर रहा है। हालांकि जिन परियोजनाओं पर निगम कार्य कर रहा था उन पर ही कार्य किया जाएगा लेकिन कोलकाता नगर निगम का फोकस जल, सड़क, हरियाली व कचरा सफाई पर ज्यादा रखा गया है।
किस विभाग में कितना किया जाएगा खर्च
सॉलिड वेस्ट मैनेंजमेंट
महानगर को कचरा मुक्त रखने के लिए 58969.00 लाख रुपये आवंटित किए गए हैं।
जलापूर्ति विभाग
जलापूर्ति विभाग को बजट में 39471.00 लाख रुपए आवंटित किए गए हैं।
सड़क विभाग
सड़क विभाग को सड़क निर्माण से जुड़े कार्यों के लिए 31729.00 लाख रुपए आवंटित किए गए हैं।
निकासी विभाग
निकासी व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए 27333.00 लाख रुपए खर्च किये जाएंगे ताकि महानगर को जलजमाव की समस्या से मुक्त किया जा सके।
शिक्षा व लाइटिंग विभाग
शिक्षा विभाग के लिए 4014.00 लाख रुपए और लाइटिंग विभाग के लिए 11932.00 लाख रुपये खर्च किये जाएंगे।
स्वास्थ्य विभाग
स्वास्थ्य विभाग के लिए 16116.00 लाख रुपए आवंंटित किए गए हैं।

शेयर करें

मुख्य समाचार

राम अवतार गुप्त प्रोत्साहन, ऐसे करें आवेदन

" हमारा सपना हर छात्र माने हिंदी को अपना" हर साल की तरह इस साल भी हम लेकर आये हैं राम अवतार गुप्त प्रोत्साहन। इस बार आगे पढ़ें »

गुजरात में भाजपा का पटेल और ओबीसी कार्ड, 24 में से आधे…

गांधीनगर : गुजरात में भाजपा ने सीएम के साथ ही पूरे मंत्रिपरिषद को भी बदल दिया है। इसमें पार्टी ने सत्ता विरोधी लहर से बचने आगे पढ़ें »

ऊपर