महानगरः वैक्सीन की लाइन के लिए पैसे लेने का आरोप

स्कूल ऑफ ट्रॉपिकल मेडिसिन में मचा हो-हल्ला
सन्मार्ग संवाददाता
कोलकाताः कलकत्ता स्कूल ऑफ ट्रॉपिकल मेडिसिन में वैक्सीन की लाइन में लगने के लिए पैसे लेने का आरोप है। शनिवार को हुई घटना को लेकर अस्पताल में हो-हल्ला मच गया। हालांकि बाद में संस्थान के निदेशक ने मामले की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि ऐसी कोई घटना नहीं हुई है। चश्मदीदों ने आरोप लगाया कि दो महिलाएं 30 लोगों को एक साथ टीकाकरण लाइन में लगाने की कोशिश कर रही थीं, जब सुबह 10 बजे टीकाकरण शुरू हुआ। लाइन में खड़े अन्य लोगों ने विरोध किया तो झगड़ा शुरू हो गया। प्रत्यक्षदर्शियों ने दावा किया कि विवाद के दौरान उनमें से एक ने कहा कि उसने पहले टीकाकरण लाइन में जगह पाने के लिए 300 रुपये का भुगतान किया था। जैसे ही उनके शब्द समाप्त हुए, परिसर में अफरा-तफरी मच गई।
इस बीच दो महिलाएं विवाद में भिड़ गईं। महिला पुलिस को दोनों महिलाओं ने बताया कि बागुईआटी क्षेत्र के लोगों को एक स्वयंसेवी संगठन के माध्यम से ट्रॉपिकल मेडिसिन में वैक्सीनेशन के लिए लाया गया था। दो महिलाओं को पकड़कर कोलकाता मेडिकल कॉलेज व अस्पताल की चौकी पर लेकर जाया गया।
पुलिस की पूछताछ के अनुसार स्वयंसेवी संस्था के प्रतिनिधि वृद्धजनों का टीकाकरण कराने के लिए उन्हें बस से ट्रॉपिकल मेडिसिन लाते थे। पुलिस सूत्रों के मुताबिक शुरुआती जांच में किसी प्रकार से पैसे लेने का कोई सबूत नहीं मिला है। स्कूल ऑफ ट्रॉपिकल मेडिसिन के प्रमुख शुभाशिष कमल गुहा ने कहा एक स्वैच्छिक संगठन की तरफ से वृद्ध लोगों को टीका लगाने के लिए लाया गया था। कुछ अवैध नहीं हुआ है। बाद में पुलिस ने दोनों महिलाओं को छोड़ दिया।
वैक्सीन के लिए लग रही लंबी कतारें
वैक्सीन के लिए लंबी कतारें लगना जारी हैं। इसी क्रम में शनिवार को एसएसकेएम हॉस्पिटल, मेयर्स क्लिनिक में वैक्सीन लेने वालों की लंबी कतार नजर आई। आलम यह था अधिक भीड़ बढ़ते देख एसएसकेएम हॉस्पिटल में पुलिस ने कतार को नियंत्रित किया।

शेयर करें

मुख्य समाचार

राम अवतार गुप्त प्रोत्साहन, ऐसे करें आवेदन

" हमारा सपना हर छात्र माने हिंदी को अपना" हर साल की तरह इस साल भी हम लेकर आये हैं राम अवतार गुप्त प्रोत्साहन। इस बार आगे पढ़ें »

तृणमूल में जाने की चर्चाओं को नकारा अशोक लाहिड़ी ने

सन्मार्ग संवाददाता कोलकाता : विधानसभा चुनाव के नतीजे आने के बाद से ही प्रदेश भाजपा में टूट जारी है। सांसद बाबुल सुप्रियो समेत कई विधायक अब आगे पढ़ें »

ऊपर