मैं हूं सबकी पर्यवेक्षक, दूसरा कोई नहीं : ममता

 

बांकुड़ा : कोरोना महामारी के कारण 8 महीनों के लंबे ब्रेक के बाद मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने बांकुड़ा में अपनी पहली रैली को संबोधित किया। इस रैली के जरिये ममता ने 2021 के विधानसभा चुनाव का बिगुल बजाया तथा अपनी पार्टी के नेताओं को चुनावी रणनीति से जुड़ने का संदेश दिया। ममता ने साफ तौर पर कहा कि पूरे राज्य में अलग-अलग जिलों के पार्टी की ओर से पर्यवेक्षक नियुक्त किए गए हैं। कुछ जिलों में अभी पर्यवेक्षक नहीं हैं जिसे लेकर अटकलें लगायी जा रही हैं कि यहां कौन दायित्व संभालेगा। इस बारे में मैं साफ तौर पर कहती हूं कि पूरे राज्य की​ पर्यवेक्षक मैं हूं। कहां क्या करना है वह मेरी जिम्मेदारी होगी। किसी और को इस मामले में किसी तरीके का हस्तक्षेप करने की आवश्यकता नहीं है। ब्लॉक स्तर पर पार्टी नेता, कार्यकर्ता क्या कर रहे हैं वह सब मैं देखूंगी।
सब पर है दीदी की नजर
पार्टी के नेताओं को सतर्क करते हुए ममता ने कहा ​कि 1-2 लोग हैं जो तृणमूल में भी हैं तथा दूसरी पार्टी के साथ भी अपने मधुर रिश्ते बना रहे हैं। रात के अंधेरे में किसकी गाड़ी में कौन कहां जा रहा है अगर किसी को लगता है कि दीदी को मालूम नहीं तो यह उनकी गलतफहमी है। दीदी की नजर सब पर बराबर बनी हुई है।

पार्टी तोड़ने के लिए विधायकों को खरीद रही है भाजपा  
ममता ने कहा कि तृणमूल को तोड़ने के लिए भाजपा विधायकों को खरीद रही है। फोन करके कहा जा रहा है कि 15 लाख रुपये लो भाजपा में शामिल होने के बाद और रुपये दिए जाएंगे। उन्होंने कहा कि हर पार्टी में कुछ खराब लोग होते हैं। मेरी नजर भी ऐसे लोगों है, जिसके बारे में जानकारी होगी उसे बाहर का रास्ता दिखा दिया जाएगा।

हुजूम ऐसा कि रास्ते में ही आधे घंटे तक रुका रहा ममता का काफिला

कोरोना काल के बाद पहली जनसभा में पहुंची मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को सुनने और देखने के लिए बड़ी संख्या में लोगों की भीड़ बांकुड़ा में एकत्रित हुई। भीड़ का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि रैली में जाने के दौरान सड़कों पर ऐसी भीड़ रही कि खुद ममता बनर्जी का काफिला ही आधे घंटे तक फंस गया। सुनुकपहाड़ी हाट मैदान में आयोजित तृणमूल की जनसभा में सभास्थल से कई किलोमीटर तक तृणमूल समर्थकों का जमावड़ा देखा गया। सर्किट हाउस से सुनुकपहाड़ी सभास्थल आने के क्रम में सीएम के काफिले को भी जनस्रोत के कारण जाम की समस्या का सामना करना पड़ा। सभा स्थल से करीब 3 किलोमीटर पहले सोनाबेला गांव के निकट सभा में शामिल होने जा रहे तृणमूल समर्थकों की भीड़ की वजह से उत्पन्न जाम के कारण सीएम ममता बनर्जी को करीब आधा घंटा तक रुकना पड़ा। जाम हटाने के प्रयास में जुटे पुलिस अधिकारियों को सीएम ने साफ कहा कि जब तक सभी कार्यकर्ता व समर्थक नहीं चले जाते उनका काफिला सड़क किनारे खड़ा रहेगा। रास्ता खाली होने के बाद ही वह सभास्थल की ओर रुख करेंगी। कार में बैठी सीएम का सोनाबेला गांव के लोगों ने करीब से दीदार किया। जाम हटने के बाद ही सीएम सभास्थल की ओर बढ़ीं। जनसभा में उमड़ी भीड़ से उत्साहित मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन के दौरान इस घटना का उल्लेख किया। जनसभा में मंत्री मलय घटक, सांसद कल्याण बंद्योपाध्याय, अरूप चक्रवर्ती, श्यामल सांतरा, मृत्युंजय मुर्मू, शुभाशीष बटब्याल मंच पर मौजूद थे। जिला परिषद के मेंटर अरूप चक्रवर्ती ने दावा किया कि सीएम की जनसभा में एक लाख से अधिक लोगों का समागम हुआ। भीड़ ऐसी थी कि पुआबागान से सुनुकपहाड़ी तक करीब 3 किलोमीटर तक लोग खड़े थे। वे लोग सभास्थल तक पहुंच ही नहीं पाए। रास्ते में सीएम खुद रुककर लोगों को आगे बढ़ने का मार्ग प्रशस्त करायी। 

अहमद पटेल के निधन पर ममता का शोक

मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कांग्रेस के वरिष्ठ नेता अहमद पटेल के निधन पर बुधवार को शोक जताया। ममता बनर्जी ने पटेल के परिवार के सदस्यों और समर्थकों के प्रति संवेदना जताई। उन्होंने ट्वीट किया ‘अहमद पटेल के निधन से दुखी और स्तब्ध हूं। वह शांत और मिलनसार व्यक्ति थे। उनके परिजनों, समर्थकों और सहकर्मियों के प्रति संवेदनाएं।’

शेयर करें

मुख्य समाचार

beaten

ब्रेकिंग : तृणमूल कांग्रेस के बूथ सभापति की पीट-पीटकर हत्या

बर्दवान : मंगलकोट विधानसभा क्षेत्र के बूथ नंबर 197 में भाजपा समर्थित उपद्रवियों ने तृणमूल कांग्रेस के बूथ सभापति की पीट-पीटकर हत्या कर दी।घटना की आगे पढ़ें »

ममता बनर्जी पर तंज – बंगाल के लोग अब चप्पल नहीं जूते पहनना चाहते हैं

कोलकाता : बंगाल के भाजपा प्रमुख दिलीप घोष ने तृणमूल कांग्रेस सुप्रीमो ममता बनर्जी पर तंज कसते हुए कहा कि राज्य के लोग हवाई चप्पल नहीं आगे पढ़ें »

ऊपर