चुंचुड़ा : समीकरण फिर तृणमूल के पक्ष में होगा या कोई और मारेगा बाजी ?

खेल तो हो रहा है, ​खिलाड़ी कौन है यह बताना मुश्किल है
सालों के लाल दुर्ग को तृणमूल ने गिराया, अब भाजपा दे रही है परिवर्तन का इशारा
सन्मार्ग संवाददाता
चुंचुड़ा : गंगा किनारे बसा हुगली जिले का चुंचुड़ा विधानसभा केंद्र कई मायनों में इस बार दिलचस्प रूप ले रहा है। पिछले दो बार से यहां तृणमूल का वर्चस्व रहा है जबकि भाजपा ने 2019 के लोकसभा चुनाव में यहां अपनी पकड़ मजबूत की है। इन सभी के बीच वाममोर्चा भी खुद को कमजोर न समझकर अपनी खोयी जमीन दोबारा पाने की जुगत में लगा हुआ है। कुल मिलाकर नजरें इसी पर टिकी हैं कि चुंचुड़ा का समीकरण फिर से तृणमूल के पक्ष में होगा या बाजी किसी ओर के हाथों में जाएगी। यही जानने के लिए सन्मार्ग ने वहां ग्राउण्ड रिपोर्ट पर बात की कुछ लोगों से जिन्होंने दबी जुबान से परिवर्तन की चाह रखने की बात कही।
कांटे की टक्कर दे रहे हैं उम्मीदवार
चुंचुड़ा में इस बार उम्मीदवार एक – दूसरे को कांटे की टक्कर दे रहे हैं। तृणमूल ने दो बार के अपने विधायक असित मजुमदार पर फिर भरोसा जताते हुए टिकट दिया है जबकि भाजपा ने स्थानीय सांसद लॉकेट चटर्जी को चुनावी जंग में उतारा है। वाममोर्चा भी इसमें पीछे नहीं है तथा पिछले बार के उम्मीदवार डॉ. प्रणव घोष को फिर से चुनाव के दंगल में अपना भाग्य आजमाने के लिए दांव पर लगाया है।
खेल चल रहा है, खिलाड़ी छिपा है
यहां सुगंधा मोड़ के रहने वाले दीपांकर मांझी कहते हैं कि सांसद के रूप में लॉकेट ने अब तक इलाके के लिए कुछ नहीं किया शायद विधायक बनने के बाद उन्हें अपनी जिम्मेदारियों का अहसास हो क्योंकि यह सच है कि स्थानीय स्तर पर तृणमूल उम्मीदवार की छवि जनता के बीच उतनी अच्छी नहीं है जितनी होनी चाहिए। सतद्रू दास कहते हैं कि यहां खेला तो हो रहा है लेकिन खिलाड़ी कौन है यह कहना जल्दबाजी होगी। हमारा काम मौका देना है अब प्रतिनिधि हमारे साथ खड़ा रहता है तो ठीक है वरना पावर तो हमारे हाथ में ही है। संतोष पाल का मानना है कि तृणमूल को अगर वोट जाता है तो वह एकमात्र ममता बनर्जी के नाम पर ही जाएगा क्योंकि उन्होंने ग्रामीण इलाकों में वह योजनाएं दी हैं जो केंद्र नहीं दे पाया। बिमान दत्ता का मानना है कि इलाके में एंटी गवर्नमेंट हवा तो चल रही है। अब उम्मीदवारों के हाथ में है कि वे जनता के बीच अपनी पैठ कितनी तगड़ी कर पाते हैं।
कुछ ऐसा रहा है चुंचुड़ा का चुनावी समीकरण
2016 में चुंचुड़ा विधानसभा में तृणमूल के असित मजुमदार ने वाम उम्मीदवार डॉ. प्रणव घोष को 29,684 वोटों से हराया था। यह विधानसभा हुगली लोकसभा क्षेत्र के तहत आती है। यहां वर्ष 2019 में इस सीट से भाजपा उम्मीदवार लॉकेट चटर्जी ने तृणमूल कांग्रेस उम्मीदवार डॉ रत्ना दे (नाग) को 73,362 वोटों से हराया था। यानी एक चुनाव में मुकाबला तृणमूल और वाम के बीच था तो दूसरे में तृणमूल और भाजपा आमने-सामने थीं।

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