#ChineseVirus : शुक्रवार से खुल जाएगा कोलकाता का पोस्ता थोक बाजार, ममता बोली – बसें भी चलेंगी

momota

सन्मार्ग संवाददाता, कोलकाता : कोलकाता के बाजारों में कालाबाजारी व जमाखोरी न हो, इसके लिए मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने खुद गुरुवार को बाजारों का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने पोस्ता, जानबाजार, वेलिंग्टन तथा गरियाहाट स्थित बाजारों का जायजा लिया तथा दुकानदारों, सब्जी विक्रेताओं व आम लोगों को कोरोना से बचाव के लिए जागरूक किया। नवान्न से मुख्यमंत्री ममता बनर्जी जब बड़ाबाजार के पोस्ता इलाके में पहुंचीं तो उन्होंने देखा कि दोपहर के वक्त ही खाद्य पदार्थ का बंगाल ही नहीं पूर्वोत्तर का सबसे बड़ा थोक बाजार बंद है। यह देख उन्होंने वहां स्थानीय लोगों व थोक विक्रेताओं से बात की तथा उन्हें समझाया कि यह न तोय कर्फ्यू है और ना ही बंद, यह लॉकडाउन है। चावल, दाल व अन्य सभी जरूरी सामानों की दुकानों को खोला जाए। थोक बाजार बंद हो जायेगा तो छोटे दुकानदार जरूरी सामानों को कहां से ले जायेंगे। इन्हें सुबह 10 बजे से लेकर शाम 5 बजे तक खोला जाएं ताकि सभी तक खाने के सभी जरूरी सामान पहुंच सकें व कालाबाजारी न हो। थोक दुकानों के बंद होने से शहर के विभिन्न स्थानों के दुकानदारों को काफी दिक्कत होती है। ऐसे में सामानों की कालाबाजारी व जमाखोरी को रोकने के लिए यहां के दुकानों का खुलना जरूरी है। मुख्यमंत्री ने स्थानीय व्यवसायियों को इसके निर्देश दिया है। पोस्ता बाजार से राज्य के विभिन्न हिस्सों में चावल, दाल, आटा व तेल आदि जैसे ग्रोसरी के सामानों की सप्लाई होती है। यहां बताते चलें कि लॉकडाउन के दौरान पिछले कुछ दिनों से लगातार यहां बंदी का माहौल है, इस कारण अब लोग ब्लैक में अधिक कीमत पर खाने के इन सामानों को खरीदने को मजबूर हो रहे थे। वहीं मोटिया मजदूरों के भी भूखे मरने की नौबत आ गयी थी।

मोटिया मजूदरों को ठहरने की व्यवस्था

पोस्ता में मुख्यमंत्री ने जब अपनी कार रोकीं तो वहां आस-पास भुखमरी की हालत में बैठे कुछ मोटिया मजदूर दिखायी दिये। सीएम को देखते ही दीदी कहते कहते उनके पास आ गये। इस पर ममता बनर्जी ने उन्हें घर में रहने की सलाह दी तब उन्होंने बताया कि उनके पास ठहरने की कोई जगह नहीं है। इस पर मुख्यमंत्री ने वहां मौजूद पुलिस अधिकारी डी पी सिंह से कहा कि बड़ाबाजार में कई धर्मशालाएं हैं। उनमें इनके रहने व खाने का प्रबंध करवाया जाए। उन्होंने व्यवसायी संगठनों से भी कहा कि इन सभी के रहने की व्यवस्था कीजिए।

जरूरी सेवा के कर्मियों के लिए बस सेवा

कोलकाता : लॉकडाउन के दौरान जरूरी सेवाओं के कार्यों में जुड़े कर्मियों को कार्यस्थल तक पहुंचाने के लिए कोलकाता के 6 रूटों में बसें चलायी जाएंगी। राज्य परिवहन विभाग द्वारा जारी निर्देशिका में बताया गया है कि सुबह 8 बजे से रात 8 बजे तक यह परिसेवा चालू रहेगी। एक बस में 20 से अधिक लोगों को नहीं लिया जाएगा। सोशल डिस्टेंस का पूरा ध्यान रखना होगा। बसों को सैनिटाइज्ड करना होगा।

शेयर करें

मुख्य समाचार

भारत में पिछले 24 घंटों में आये 26,506 नये मामले

नयी दिल्ली : देश में तेजी से बढ़ रहे कोरोना संक्रमण के पिछले 24 घंटों में 26,506 मामले सामने आये हैं जो अब तक एक आगे पढ़ें »

ऑक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी के संबोधन के लिए ममता बनर्जी को न्योता

कोलकाता : मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को एक बार फिर ऑक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी द्वारा आयोजित होने वाले ग्लोबल डिबेट में संबोधन के लिए आमंत्रित किया गया है। आगे पढ़ें »

ऊपर