घर के लोगों से भी खतरा है कोरोना का!

कोलकाताः यह बात भले ही अजीब लग रही हो, लेकिन सच्चाई यही है। कोरोना वायरस महामारी के बीच लोग बाहर जाने के बाद जब घर में प्रवेश करते हैं, तो थोड़ा बेफिक्र हो जाते हैं। शुरूआती दौर में थोड़ी बहुत जागरूकता थी, लेकिन एक बार फिर से बेफिक्री बढ़ी है। इस कारण कोरोना वायरस के मामलों में भी इजाफा हो रहा है।
सीडीसी की रिपोर्ट में भी खुलासा
अमेरिका की शीर्ष स्वास्थ्य एजेंसी सेंटर्स फॉर डिजिज कंट्रोल एंड प्रिवेंशन (सीडीसी) के रिसर्च जर्नल में प्रकाशित अध्ययन ने भी इस बारे में हाल ही में चिंता जताई। दरअसल, अध्ययन में कहा गया है कि बाहर की बजाय घर के सदस्यों से कोरोना संक्रमण ज्यादा खतरा रहता है। इसके अलावा अध्ययन में यह भी खुलासा हुआ है कि प्रत्येक 10 में से एक व्यक्ति को अपने परिवार के सदस्यों से ही कोरोना वायरस का संक्रमण फैला। दक्षिण कोरिया के महामारी विशेषज्ञों ने भी पाया कि लोगों को किसी न किसी काम के कारण बाहर निकलना ही पड़ता है। बाद में जब वह सदस्य घर के सदस्यों के संपर्क में आए तो कोरोना संक्रमण का खतरा अधिक देखा गया है।
टेस्टिंग में वृद्धि, कोरोना की ट्रेसिंग में मिलेगी मदद
वहीं दूसरी ओर कोरोना वायरस की टेस्टिंग के मामलों में समय के साथ वृद्धि हो रही है। हालांकि अब भी यह टेस्टिंग पर्याप्त नहीं है। स्वास्थ्य विभाग के सूत्रों की मानें तो वर्तमान समय में इंडियन काउंसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च (आईसीएमआर) की ओर से कोरोना वायरस के सैंपल जांचने के लिए 56 लैब की अनुमति दी गई है। आने वाले दिनों में और भी लैब को अनुमति मिलने की उम्मीद है। इससे कोरोना वायरस की टेस्टिंग में भी वृद्धि होगी। टेस्टिंग से ही कोरोना वायरस की ट्रेसिंग में मदद मिल सकेगी।
बेड अकुपेंसी भी 40.86% पर
कोरोना के बढ़ते मामलों के साथ बेड अकुपेंसी दर में भी वृद्धि हो रही है। यह अब 40.86% पर पहुंच चुकी है। सैंपल टेस्ट से पॉजिटिव मामले 6.98% पर पहुंच गए हैं।
इम्युनिटी को बेहतर रखने की जरूरत
वरिष्ठ होम्पोपैथी डॉक्टर देवांजन मुखर्जी बताते हैं कि निश्चित है कि सभी देश कोरोना वायरस की वैक्सीन को इजाद करने में जुटे हैं। हालांकि वर्तमान समय में किसी के पास सटीक दवा नहीं है। ऐसे में इस समय टेस्टिंग में बेहतर के साथ ही साथ हमें अपनी इम्युनिटी को बेहतर रखने की आवश्यकता है, ताकि किसी प्रकार का वायरस प्रभावित न कर सके। यदि वायरस का प्रभाव शरीर पर पड़ता भी है तो उससे लड़ने की क्षमता हमारे शरीर में हो।

शेयर करें

मुख्य समाचार

अनअकैडमी, ड्रीम11 ने आईपीएल टाइटल प्रायोजक के लिये दस्तावेज सौंपे

नयी दिल्ली : शिक्षा प्रौद्यौगिकी कंपनी ‘अनअकैडमी’ और फंतासी स्पोर्ट्स मंच ‘ड्रीम11’ ने इस साल चीनी मोबाइल फोन कंपनी वीवो की जगह इंडियन प्रीमियर लीग आगे पढ़ें »

धोनी की अगुवाई में सीएसके खिलाड़ी आईपीएल शिविर के लिए चेन्नई पहुंचे

चेन्नई : भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान महेन्द्र सिंह धोनी और चेन्नई सुपरकिंग्स के टीम के उनके साथी खिलाड़ी इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) के आगे पढ़ें »

ऊपर