2011 विश्‍व कप : धोनी के विजयी छक्के को ज्यादा त्वज्जो देने से गंभीर नाराज, कहा- पूरी टीम की वजह से बने थे विश्व चैम्पियन

नयी दिल्‍ली : पूर्व सलामी बल्लेबाज गौतम गंभीर 2011 के वर्ल्ड कप फाइनल में महेंद्र सिंह धोनी के विजयी छक्के को ज्यादा त्वज्जो देने से नाराज हैं। उल्‍लेखनीय है कि एक क्रिकेट वेबसाइट द्वारा गुरुवार को एक ट्वीट किया गया, जिसमें उसने विश्‍व कप फाइनल में तत्कालीन कप्तान महेंद्र सिंह धोनी द्वारा लगाए गए विजयी छक्के की तस्वीर पोस्ट करते हुए लिखा था कि इस एक शॉट ने करोड़ों भारतीयों को जश्न में डूबने का मौका दे दिया।
बस क्‍या था इसी ट्वीट से गौतम गंभीर भड़क गए और उन्होंने फटाफट क्रिकेट वेबसाइट को ट्वीट को जवाब दे डाला दिया कि ‘विश्व कप 2011 पूरे भारत ने, पूरी भारतीय टीम और सभी सहयोगी स्टाफ ने जीता था। अब समय है जबकि तुम इस छक्के प्रति अपने मोह का त्याग कर दो। ’’ सही समय है कि आप भी अपने जुनून को हवा में छक्के की तरह उड़ा दें। इस विश्व कप के साथ ही तेंदुलकर का विश्व कप विजेता टीम का हिस्सा बनने का सपना भी साकार हो गया था। तेंदुलकर ने तब कहा था, ‘‘मैं इससे ज्यादा की उम्मीद नहीं कर सकता। विश्व कप जीतना मेरी जिंदगी का सबसे गौरवशाली क्षण है। ’’ 2011 के वर्ल्ड कप फाइनल में श्रीलंका ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी का फैसला किया था। महेला जयवर्धने के शतक की बदौलत मेहमान टीम ने 6 विकेट के नुकसान पर 274 रन बनाए थे। लक्ष्य का पीछा करने उतरी टीम इंडिया की शुरुआत अच्छी नहीं रही। 31 रन के भीतर ही सचिन तेंदुलकर और वीरेंद्र सहवाग आउट हो गए। इसके बाद गौतम गंभीर और 4 नंबर पर बल्लेबाजी के लिए आए धोनी ने भारतीय पारी को संभाला। गौतम गंभीर (97) ने एक छोर संभाले रखा। गंभीर ने विराट (35) के साथ 15.3 ओवर में 83 रन की साझेदारी निभाई और फिर कप्तान धोनी (नाबाद 91) के साथ चौथे विकेट के लिये 19.4 ओवर में 109 रन जोड़ा। इन दोनों साझेदारियों की विशेषता यह थी इनमें भारतीय बल्लेबाजों ने लंबे शाट खेलने के बजाय विकेटों के बीच दौड़ लगाकर अधिक रन बटोरे थे। दोनों के बीच चौथे विकेट के लिए 109 रन की साझेदारी हुई। हालांकि, गंभीर तीन रन से शतक चूक गए। लेकिन उनके आउट होने के बाद आए युवराज और भारतीय कप्तान ने टीम इंडिया को 28 साल बाद एक बार फिर विश्‍व चैम्पियन बना दिया। धोनी 79 गेंद पर 91 और युवराज 24 गेंद पर 21 रन बनाकर नाबाद रहे।’ वर्ल्ड कप के बाद जब गंभीर से शतक पूरा नहीं कर पाने को लेकर सवाल पूछा गया था तो उन्होंने इसके लिए भी धोनी को ही जिम्मेदार ठहराया था। तब गंभीर ने कहा था कि जब फाइनल में मैं 97 रन पर पहुंचा, तो मेरा ध्यान अपने स्कोर पर नहीं, बल्कि टारगेट पर था। उन्होंने कहा- जब ओवर खत्म हुआ तब धोनी ने मुझसे कहा कि सिर्फ 3 रन बचे हैं और तुम अपना शतक पूरा कर लो। गंभीर के मुताबिक, अगर तब वह मुझे मेरे स्कोर के बारे में याद नहीं दिलाते तो मैं आसानी से सेंचुरी पूरी कर लेता। उनके याद दिलाने के बाद मैं ज्यादा सावधान हो गया और थिसारा परेरा की गेंद पर एक खराब शॉट खेलकर बोल्ड हो गया।

शेयर करें

मुख्य समाचार

बंगाल में आयी कोरोना वायरस संक्रमण की बाढ़

कोलकाता : बंगाल में कोरोना वायरस संक्रमण के पिछले 24 घंटे में 435 नये मामले दर्ज किये गये है। इस दौरान मरने वालों की संख्या आगे पढ़ें »

बॉयकॉट ने बीबीसी की स्पेशल टेस्ट कॉमेंट्री टीम छोड़ी

लंदन : इंग्लैंड के पूर्व कप्तान जैफरी बॉयकॉट ने कोरोना की वजह से बीबीसी की स्पेशल टेस्ट कॉमेंट्री टीम छोड़ दी है। वे 14 साल आगे पढ़ें »

एशिया कप में खेलना सपने सच होने जैसा : कप्तान आशा लता

बड़ी कामयाबी : होम्योपैथी दवा के हमले से ढेर हुआ कोराेना, 42 संक्रमित मरीज हुए स्वस्थ

इंसानियत हुई तार-तार : गर्भवती हथिनी के बाद अब गर्भवती गाय को खिलाया विस्फोटक, देशभर में आक्रोश

मिथिला की बेटी मधु माधवी का प्रतिष्ठित जेम्स वॉट मेडल के लिए हुआ चयन

पाक ने की नापाक हरकत, जम्मू में अंतरराष्ट्रीय सीमा के पास चौकियों पर की अकारण गोलीबारी

SUPREME COURT

क्या निजी अस्पताल कोरोना मरीजों का फ्री इलाज करने को तैयार हैं : सुप्रीम कोर्ट

बड़ा कदम : निजी अस्पतालों का कोरोना इलाज शुल्क 15 हजार रुपये अधिकतम सीमा हुआ तय

50 हजार पेड़ लगायेगी कोलकाता पुलिस : सीपी

ऊपर