कम होते कोरोना मामलों के बीच जनवरी से पर्यटन क्षेत्र खोलने की तैयारी

नई दिल्ली : कोविड-19 की पहली और दूसरी लहर के कारण घरों में कैद लोगों के लिए अच्छी खबर है। जल्द ही वे पहले की तरह देश के विभिन्न पर्यटन स्थलों पर जाकर सैर-सपाटा कर सकेंगे। कोरोना के कम होते असर और वैक्सीनेशन प्रोग्राम में तेजी के चलते केंद्र सरकार देश में जल्द पर्यटन को खोलने जा रही है। सब कुछ सामान्य रहता है तो अगले वर्ष जनवरी से पर्यटन को पूरी तरह से खोल दिया जाएगा। पर्यटन मंत्रालय ने पर्यटन स्थलों को खोलने को लेकर तैयारियां शुरू कर दी हैं। इस दिशा में मंत्रालय राज्यों से रोज कोविड-19 की स्थिति को लेकर रिपोर्ट तलब कर रहा है। साथ ही, देश के प्रमुख पर्यटक स्थलों पर कोविड-19 के केसों की क्या स्थिति है इस पर भी नजर बनाए हुए है। जल्द ही इस मामले में पर्यटन मंत्रालय राज्य सरकारों के अधिकारियों के साथ एक बैठक भी करने जा रहा है। विदेशी पर्यटकों को भारत आने देने की अनुमति दिए जाने के संबंध में औपचारिक घोषणा अगले 10 दिनों के भीतर की जा सकती है। विदेशी पर्यटकों को आने देने का फैसला कोरोना के घटते मामलों को देखते हुए लिया जा रहा है। मुफ्त वीजा 31 मार्च, 2022 या पांच लाख की संख्या पूरा होने तक जारी किए जाएंगे। उम्मीद है कि मुफ्त वीजा जारी करने से कम अवधि के ज्यादा पर्यटक भारत आएंगे। एक महीने तक के लिए जारी किया जाने वाला ई-पर्यटक वीजा देशों पर आधारित है, लेकिन आमतौर पर इसके लिए 25 डालर (लगभग 1800 रुपये) शुल्क लिया जाता है। एक साल के ई-पर्यटक वीजा के लिए अमूमन 40 डालर (लगभग तीन हजार रुपये) का शुल्क लिया जाता है। मार्च 2020 से ई-पर्यटक वीजा निलंबित है। गौरतलब है कि केंद्र सरकार ने संसद में जानकारी दी थी कि कोरोना महामारी को नियंत्रित करने के लिए लगाए गए यात्रा प्रतिबंधों के कारण पिछले साल 2020 में 30 लाख से कम विदेशी पर्यटकों ने भारत का दौरा किया था। इस दौरान 2019 की तुलना में पर्यटकों की संख्या में लगभग 75 फीसदी की गिरावट देखने को मिली। 2019 में विदेशी पर्यटकों की संख्या 1.93 लाख थी, जबकि 2018 में यह संख्या 1.56 करोड़ थी।

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