राेहित शेखर हत्यांकाडः पत्नी अपूर्वा ने गला दबाकर मारा था!

नई दिल्लीः ‌कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और चार बार उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के मुख्यमंत्री रहे नारायण दत्त तिवारी के बेटे रोहित तिवारी की हत्या का मामला आखिरकार सुलझ ही गया। बुधवार को इस हत्याकांड के मामले में आखिरकार क्राइम ब्रांच ने रोहित की पत्नी अपूर्वा शुक्ला को गिरफ्तार कर लिया। सूत्रों का कहना है कि अपूर्वा के खिलाफ ठोस सबूत मिलने के बाद पुलिस ने अपूर्वा को गिरफ्तार किया। रोहित शेखर तिवारी की पत्नी अपूर्वा ने ही उन्हें मौत के घाट उतार है। बता दें कि 16 अप्रैल को रोहित अपने बंगले के कमरे में मृत पाए गए थे। पुलिस ने हत्या की पुष्टि के बाद कई घंटे तक उनकी पत्नी से पूछताछ की थी।

अपूर्वा ने की पुलिस को बरगलाने की कोश

क्राइम ब्रांच के अडिशनल कमिश्नर राजीव रंजन ने इसकी पुष्टि करते हुए कहा कि मामले की पूरी जानकारी जल्द ही दी जाएगी। रंजन ने बताया‌ कि शुरू में अपूर्वा ने पुलिस को काफी बरगलाने की कोशिश की थी। रोहित के कमरे के बाहर लगे सीसीटीवी को खराब कर दिया गया था, जिससे पता नहीं चल सके कि कमरे में कौन आ जा रहा है। अपूर्वा के खिलाफ ठोस सबूत मिल गये है। जिसे जल्द ही सार्वजनिक किया जाएगा।

आखिरी 3 घंटों पर पड़ताल

हत्या की गुत्थी सुलझाने के लिए क्राइम ब्रांच की जांच घटना से जुड़े आखिरी 3 घंटों पर फोकस रही। घटना वाली रात 1 बजे से लेकर तड़के 4 बजे तक के बीच की कड़ियों को जोड़ा और मामला सुलझा गया। दरअसल सीसीटीवी फुटेज में सामने आया है कि करीब 11ः30 बजे रोहित पहली मंजिल पर स्थित अपने कमरे में जाकर सो गए थे। बराबर वाले कमरे में उनकी पत्नी अपूर्वा भी सो गई थी। इसके बाद रात 1ः30 बजे अपूर्वा ग्राउंड फ्लोर से पहली मंजिल पर स्थित रोहित के कमरे में जाते हुए सीसीटीवी कैमरे में दिखाई दी। ठीक एक घंटे बाद रात 2ः30 बजे वह पहली मंजिल से ग्राउंड फ्लोर पर आते दिखी। पुलिस का मानना है कि इस दौरान दोनों में हाथापाई हुई होगी।

लगातार बयान बदल रही थीं अपूर्वा तिवारी

अपूर्वा शुरू से इसलिए फंसती चली गई, क्योंकि जिस रात रोहित की मौत हुई थी उस रात उसके अलावा रोहित के कमरे में कोई और नहीं गया था। हालांकि इस बात को वह बहाना बनाकर टाल रही थी। पुलिस सूत्रों के मुताबिक रोहित की पत्नी अपूर्वा लगातार इस मामले में बयान बदल रही थी। उससे सारा शक उसी के इर्ग-गिर्द आकर ठहर जाता था। वारदात वाली रात को लेकर अपूर्वा ने अब तक तीन अलग-अलग बयान दिए। जिसकी वजह से पुलिस का शक बढ़ता चला गया। पुलिस वारदात के बाद से रोहित की पत्नी समेत घर के 6 लोगों से पूछताछ कर रही थी।

वारदात की रात भी हुआ ‌था अपूर्वा का झगड़ा

दिल्ली क्राइम ब्रांच की पूछताछ में आखिर अपूर्वा ने सच उगल ही दिया। अपूर्वा के लगातार बदलते बयानों से पुलिस का उस पर शक गहरा होते जा रहा था। रोहित शेखर की मौत के बाद जिस तरह के घटनाक्रम सामने आये उससे अपूर्वा को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। उससे साफ हो गया कि हत्या वाली रात अपूर्वा और रोहित के बीच झगड़ा हुआ था।

मायके वालों के लिए अलग से मकान चाहती थी अपूर्वा

अपूर्वा की अपने मायके वालों के लिए अलग से मकान बनाने को लेकर भी रोहित से अनबन चल रही थी। ऐसा बताया जा रहा है कि अपूर्वा और रोहित के बीच इस मामले को लेकर हत्या वाली रात हाथापाई हुई थी और उसी दौरान रोहित का गला दबाकर उसे मार दिया गया। लेकिन जिस तरह से रोहित की मां, नौकर, ड्राइवर ने जानकारी दी कि दोनों के बीच रिश्ते अच्छे नही हैं, तो पुलिस का पहला शक अपूर्वा पर ही था।

सबूत मिटाने के लिए अपूर्वा ने किया फोन फार्मेट

पुलिस ने अपूर्वा का ब्लड सेंपल और घटनास्थल पर पाए गए खून के नमूने भी लिए थे। जिसे परीक्षण के लिए भेजा गया है। अपूर्वा ने सबूत मिटाने के लिए अपना मोबाइल तक फार्मेट कर दिया था और जिस कमरे में रोहित की हत्या हुई वहां के सीसीटीवी कैमरे खराब होना भी इस बात की ओर इशारा कर रहा था कि हत्या में कोई बाहरी व्यक्ति नहीं, घर का ही कोई व्यक्ति शामिल था।

पुलिस को पता था हत्यारा कोई बाहरी नहीं

गौरतलब है कि मामले की जांच कर रही दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच के मुताबिक अब तक की पड़ताल यही इशारा कर रही थी कि कातिल घर का ही है। हालांकि पुलिस अब तक कई किश्तों में घंटों रोहित की पत्नी अपूर्वा, रोहित के भाई सिद्धार्थ और घर के नौकर और ड्राइवर से पूछताछ कर चुकी थी। मगर कातिल का नाम सामने लाने से पहले वो हत्या की सारी कड़ियों को जोड़ लेना चाहती थी।

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