गठबंधन पर तंज : मोदी ने कहा, ‘मजबूर’ सरकार बनाने के लिए एकजुट हो रहा है विपक्ष

नयी दिल्ली : चुनावी वर्ष की शुरुआत में ही विपक्ष को चित करने के बाद आत्‍मविश्‍वास से भरी भारतीय जनता पाटी के दो दिवसीय अधिवेशन के समापन सत्र के मौके पर कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भाजपा के खिलाफ बन रहे विपक्ष के महागठबंधन पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि जिन पार्टियों का जन्म कांग्रेस विरोध से हुआ, वही पार्टियां आज एकजुट हो रहीं हैं। आज जब कांग्रेस भ्रष्टाचार में डूबी है, उसके नेता जमानत पर हैं तो ये कांग्रेस से अलग हुए दल उसी कांग्रेस के सामने समर्पण कर रहे हैं। मोदी ने कहा कि विपक्षी मजबूर सरकार बनाना चाहते हैं, लेकिन देश चाहता है कि मजबूत सरकार बने।
विपक्ष हो रहा एकजुट

मोदी ने कहा, तेलंगाना में गठबंधन फेल हो गया। कर्नाटक में गठबंधन की पहली सरकार वाले मुख्यमंत्री कह रहे हैं कि मुझे मुख्‍यमंत्री की बजाय क्लर्क मास्टर बनाकर रख दिया है। राजस्थान और मध्यप्रदेश में दो टूक बात हो रही है कि सरकार चलानी है तो पहले ये केस वापस लो, ये काम करो.. तब चला पाओगे। अभी तो यह ट्रेलर है। यह पहला अवसर है जब एक व्यक्ति के विरोध में सब एकजुट हो रहे हैं।

अयोध्‍या मामले में पहुंचाया जा रहा है बाधा
मोदी ने कहा, ”हम संसद में एनिमी प्रॉपर्टी का एक्ट लाए, कांग्रेस और गठबंधन के साथियों ने उसका विरोध किया। हम नागरिकता संशोधन बिल लेकर आए, वह फिर विरोध कर रहे हैं, हम कोर्ट के आदेश के तहत एनआरसी लेकर आए और इसका भी विरोध किया गया। हम तीन तलाक बिल लाए, विरोध किया गया। अयोध्या मामले में ही देख लीजिए, कांग्रेस अपने वकीलों के माध्यम से न्याय प्रक्रिया में बाधा पहुंचाने की कोशिश कर रही है। कांग्रेस देश के मुख्य न्यायाधीश को महाभियोग से हटाने की कोशिश कर रही थी। हमें न तो कांग्रेस का यह रवैया भूलना है और न ही किसी को भूलने देना है। कुछ राज्यों में सीबीआई के अफसरों को आने की और जांच की इजाजत नहीं है। इन्हें क्या डर सता रहा है? गुजरात का जब मैं सीएम था, तब 12 साल तक लगातार कांग्रेस और उसके साथियों ने हर तरीके से मुझे परेशान करने का काम किया। एक मौका नहीं छोड़ा, उनकी एक भी एजेंसी ऐसी नहीं थी, जिसने मुझे सताया न हो।

हमे कानून पर विश्‍वास

कांग्रेस के नेता जो उस समय मंत्री थे, गुजरात आए और चुनावी सभा में दावा किया था कि मोदी कुछ महीने के भीतर जेल चला जाएगा। यूपीए सरकार का एकमात्र एजेंडा था मोदी को फंसाओ। अमित भाई को जेल में भी डाल दिया था। तब भी हमने ऐसा कोई नियम नहीं बनाया कि सीबीआई हमारे राज्य में घुस नहीं सकती है। हमारे पास भी सत्ता थी लेकिन हम कानून में और सत्य में विश्वास रखते थे। आज उन्हें सीबीआई स्वीकार नहीं है, कल कोई दूसरी संस्था स्वीकार नहीं होगी। क्या हम राष्ट्र को उनके भरोसे छोड़ सकते हैं?

‘कांग्रेस ने खुद को कानून से ऊपर माना ‘
मोदी ने कहा, “नेशनल हेराल्ड का केस यूपीए सरकार के वक्त से ही चला आ रहा है। इससे साफ होता है कि कांग्रेस के नेता किस तरह से जनता की जमीन और उसका धन हथिया लेते हैं। 2012 में इस केस और यंग इंडिया के मामले की जांच शुरू हुई। इतनी सारी एजेंसियों ने समन और नोटिस भेजे, लेकिन कांग्रेस की फर्स्ट फैमिली अपने आपको सबसे ऊपर मानती है। उसने किसी को भी तवज्जो नहीं दी। उन्हें लगा कि हम नामदार हैं, राजा हैं और हमसे पूछताछ कैसे हो सकती है।
‘अन्नदाता को ऊर्जादाता बनायेंगे’
मोदी ने कहा, पहले जिनके पास किसानों की समस्याओं का हल निकालने का जिम्मा था, उन्होंने शॉर्टकट निकाले, उन्होंने किसानों को सिर्फ मतदाता बना दिया। हम अन्नदाता को ऊर्जादाता भी बनाना चाहते हैं। किसानों के सामने जितनी समस्याएं हैं, हम उतनी ही गंभीरता से उन्हें हल करने का प्रयास कर रहे हैं। अन्नदाता को हम नई ऊर्जा का नया वाहक बनाना चाहते हैं। उन्हें सशक्त करने के लिए बड़ी ईमानदारी से प्रयास किया जा रहा है।’ स्वतंत्रता के बाद अगर सरदार पटेल देश के पहले प्रधानमंत्री बनते तो देश की तस्वीर कुछ और होती। आज मैं यह कहना चाहता हूं कि अगर अटलजी प्रधानमंत्री बने रहते तो आज भारत कहीं और होता।”

अटलजी के बिना कार्यकारिणी की पहली बैठक
मोदी ने कहा, ये राष्ट्रीय कार्यकारिणी की पहली बैठक है, जो अटलजी के बिना हुई है। आज उन्हें भाजपा कार्यकर्ताओं के समर्पण से संतोष हो रहा होगा। बीते वर्ष भाजपा के जिन कार्यकर्ताओं को विरोधियों की राजनीतिक हिंसा की वजह से जान गंवानी पड़ी, उनके परिवारों के प्रति भी मैं संवेदना व्यक्ति करता हूं।”

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