मेरे बेटे मुझे अहमियत नहीं देते’ उम्दा परवरिश के बाद भी माधुरी दीक्षित को है इस बात का अफसोस

मुबंई : किसी ने ठीक ही कहा है कि इस दुनिया में वह केवल मां ही होती है, जो बिना बोले भी अपने बच्चों की परेशानी को समझ जाती है। हालांकि, आजकल के इस मॉडर्न जमाने में मां का स्वरूप तो बिल्कुल वैसा ही है। लेकिन अब बच्चे पूरी तरह से बदल चुके हैं। दरअसल, टीनेज में आते-आते बच्चे कई बातों को अपने पैरंट्स से छुपाना शुरू कर देते हैं, ताकि उन्हें डांट नहीं पड़े तो वहीं कुछ बच्चों को माता-पिता की बातों को नजरअंदाज करने की आदत पड़ जाती है। बॉलीवुड एक्ट्रेस माधुरी दीक्षित भी उन्हीं में से एक हैं, जो अपने बच्चों द्वारा ऐसा बर्ताब देख बुरी तरह से परेशान हैं। माधुरी दीक्षित इन दिनों डांस रियलिटी शो ‘डांस दीवाने’ में जज की भूमिका निभा रही हैं, जिसके चलते अदाकारा अपनी पर्सनल लाइफ से जुड़ा कोई न कोई किस्सा शेयर करती रहती हैं। ऐसा ही कुछ हमें तब सुनने को मिला, जब सीजन वन के कंटेस्टेंट किशन ने अपनी प्रस्तुति को अपनी मां को समर्पित करते हुए कहा ‘मुझे अपनी मां के फोन को नजरअंदाज़ करने और उनको अहमियत न देने का बहुत पछतावा है।’ जिस पर तुरंत माधुरी ने जवाब देते हुए कहा, ‘कभी-कभी मेरे बेटे भी मुझे अहमियत नहीं देते हैं। मुझे उस वक्त बहुत बुरा लगता है जब मैं उन्हें बार-बार बुलाती रहती हूं। लेकिन वह मेरी एक नहीं सुनते हैं। हालांकि, इस पर मैं कुछ नहीं कर सकती। बात तो यह है कि इस दुनिया में हर मां अपने बच्चों की संरक्षी होती है। जब मैं छोटी थी तो मैं भी यही किया करती थी लेकिन अब मैं मां हूं तो मुझे पता है कि कितना बुरा लगता है।’ हालांकि, माधुरी अकेली ऐसी पहली नहीं हैं, जो अपने बच्चों के इस बर्ताब से दुखी हों बल्कि आज न जाने ऐसी कितनी महिलाएं हैं, जो इस वजह खुद को असहाय और लाचार महसूस करने लगी हैं।

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